मुख्यपृष्ठस्तंभअंतर्वेग :  दिवाली पर खूनी होली!

अंतर्वेग :  दिवाली पर खूनी होली!

रोहतक जिले के सबसे बड़े गांव मोखरा में पड़ोसी ने एक युवक को शराब पीकर गाली-गलौज करने से रोका तो आरोपी ने फर्नीचर मिस्त्री को चाकू मार दिया। साथ ही धमकी दी कि अब तो बच गया, आगे २० साल बाद भी जेल से बाहर आया तो तूझे जरूर मार दूंगा। पीड़ित का कहना है कि आरोपी पहले भी हत्या के केस में जेल में रह चुका है। उससे मेरी जान बचाओ। इस संबंध में बहुअकबरपुर थाने में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस को दी शिकायत में मोखरा गांव निवासी राजेश ने दी शिकायत में बताया कि उसके पड़ोस में कृष्ण का मकान है, जहां १५ दिन पहले गांव का युवक राहुल आया हुआ था। वह शराब पीकर गाली-गलौज कर रहा था। जब उसने टोका तो आरोपी झगड़ा करने लगा। इसी रंजिश में आरोपी ने उसे व उसके बेटे को जान से मारने की धमकी दी। बेटे ने बताया कि राहुल उसे चाकू दिखाकर कह रहा था कि आधा काटूंगा। जब वह शनिवार को साढ़े पांच बजे बेटे सौरभ को मंदिर से बुलाने गया तो आरोपी राहुल मिला। जान से मारने की नियत से आरोपी ने उसके ऊपर चाकू से हमला कर दिया। पहले गर्दन पर वार किया, तो उसने बचाव में हाथ आगे कर दिया। इसके बावजूद चाकू गर्दन पर लगा। फिर आरोपी ने सीने में बायीं तरफ चाकू मारा। इसी बीच सौरभ आया और अन्य लोगों की मदद से उसे छुड़वाया। इसके बाद आरोपी राहुल ने धमकी दी कि चाहे वह २० साल बाद जेल से वापस आएगा, तो भी उसे जान से मारेगा। आरोप है कि राहुल पहले भी एक मर्डर केस में जेल जा चुका है।
जहरीली शराब का जख्म!
जहरीली शराब ने ऐसा जख्म दिया कि चार गांवों में मातम पसर गया। लोग इसे ताउम्र याद रखेंगे। हालात ऐसे हो गए हैं कि मंडेबरी और सारन में इस बार दिवाली नहीं मनेगी। छोटी दिवाली पर जहां पर घरों व प्रतिष्ठान रंग-बिरंगी लड़ियों से जगमग दिखे, वहीं मंडेबरी व सारन गांवों में अंधेरा पसरा हुआ है। त्योहार के दिन भी लोग डरे व सहमे हुए हैं। बता दें कि दिवाली पर्व पर रस्म के तौर पर लोग केवल अपने घरों में चिराग जलाएंगे। दोनों गांवों में न तो आतिशबाजी होगी और न ही किसी के घर मिठाई बंटेगी। गांवों के इतिहास में ऐसा पहली बार होगा जब दिवाली पर गांवों में ऐसा माहौल होगा। एक-दूसरे के दुख को बांटते हुए लोगों ने यह निर्णय लिया है। जहरीली शराब पीने से मंडेबरी में ७ व सारन में ५ लोगों की मौत हो चुकी है, वहीं कुछ का उपचार अस्पताल में चल रहा है। सारन गांव की आबादी करीब ४००० है। यहां दो दिनों से जहरीली शराब पीकर लोग मर रहे हैं। लेकिन मौत का सिलसिला दो माह से चल रहा है। सारन गांव के चौकीदार बृजपाल ने बताया कि दो माह में गांव में करीब १५ मौत हो चुकी हैं। काफी लोगों की मौत बुखार से और अब दो दिन से जहरीली शराब से लोग मर रहे हैं। मंडेबरी के मनोज, सुरेंद्र और अनिल का कहना है कि त्योहार मनाने के बारे में तो किसी का ध्यान ही नहीं है।

अन्य समाचार