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तहकीकात: शादी में खूनी छींटे! पैसों के लिए नौकर ने किया मालिक का कत्ल, शादी के लिए नौकर को थी पैसों की जरूरत

नागमणि पांडेय

हर इंसान पैसा कमाना चाहता है, लेकिन पैसे के लिए लोग रिश्तों की बलि देने से भी नहीं हिचकते हैं। आज की तहकीकात ऐसी ही घटना पर प्रकाश डालती है। जहां एक कर्मचारी ने पैसों के लालच में अपने ही मालिक की हत्या कर दी, लेकिन कहते हैं न कि कानून के हाथ लंबे होते हैं और वह हाथ आरोपी के गले तक पहुंच ही गए…
क्या था मामला?
घाटकोपर के रहने वाले ४६ वर्षीय महेश मारू पेशे से बिजनेसमैन थे। उन्होंने भिवंडी के शीलाफाटा में एक बड़ा भूखंड खरीदा था, जिसकी देखभाल की जिम्मेदारी उन्होंने विरार में रहने वाले २५ वर्षीय सुनील यादव को दी थी। सुनील एक गरीब परिवार का लड़का था। कुछ दिन बाद सुनील की शादी तय हो गई, इसलिए उसके घरवालों ने तमाम तैयारियां शुरू कर दीं। शादी का खर्चा देख सुनील को ऐसा लगा कि वह शादी का खर्च उठाने में असफल होगा। इसके लिए उसने अपने ही मालिक की हत्या करने की साजिश रची। कुछ दिन बाद महेश मारू हमेशा की तरह सुबह आठ बजे भिवंडी जाने के लिए घर से निकले थे कि सुनील ने महेश को फोन किया और कहा कि वह ईंट के एक ऐसे व्यापारी को जानता है, जिससे मिलने के बाद व्यापार में वृद्धि होगा। व्यापारी से मिलने के लिए भिवंडी चलना होगा। महेश व्यापार के लालच में आकर सुनील के झांसे में आ गया और अपनी कार लेकर सुनील के पास गए। वहां से सुनील को लेकर महेश भिवंडी स्थित पिंपलेश गांव गए। इसके बाद सुनील एक सुनसान जगह पर महेश को लेकर गया और मौका पाते ही चाकू से महेश पर हमला कर हत्या कर दी। इसके बाद सुनील कार में रखे तीन लाख रुपए लेकर फरार हो गया। घटना के दो दिन बाद फरवरी २०१५ को भिवंडी पुलिस को मृत बॉडी की जानकारी मिली, जिसके बाद पुलिस ने नियंत्रण कक्ष को जानकारी दी और वहां से यह मैसेज सभी जगह सर्कुलेट कर दिया गया। इसी बीच भिवंडी पुलिस को जानकारी मिली कि घाटकोपर से एक व्यक्ति पिछले कुछ दिनों से गायब है, जिसके बाद पुलिस ने महेश के घरवालों को भिवंडी बुलाकर शव की पहचान कराई। घरवालों ने शव को देखते ही पहचान लिया कि शव महेश का ही है। इसके बाद पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
आरोपी हुआ गिरफ्तार
सबसे पहले पुलिस ने महेश की कॉल डिटेल निकाली, जिसमें आखिरी कॉल सुनील यादव का पाया गया। पुलिस ने जांच में यह भी पाया कि हत्या के समय तक सुनील और महेश का लोकेशन एक ही जगह का था। इसके बाद पुलिस ने सुनील को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ शुरू की। पहले तो सुनील ने आनाकानी की, लेकिन जब पुलिस ने कड़ाई की तो उसने सारी सच्चाई बता दी। सुनील ने पुलिस को बताया कि उसे शादी के लिए पैसों की सख्त जरूरत थी, और उसे यह बात अच्छे से पता थी कि महेश की कार में हमेशा दो-चार लाख रुपए होते हैं। इसके लिए उसने उसकी हत्या का प्लान बनाया। इस मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। जिसके बाद सबूतों के आधार पर कोर्ट ने उसे सजा सुनाई।

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