मुख्यपृष्ठअपराधतहकीकात : केलों से लगा हत्यारों का सुराग

तहकीकात : केलों से लगा हत्यारों का सुराग

• पैसों के लिए हुई वृद्ध की हत्या 
• तीन आरोपियों को मिली सजा
नागमणि पांडेय
कत्ल के लिए चाकू या बंदूक का इस्तेमाल करते तो आपने सुना होगा, लेकिन किसी की हत्या के लिए केले का इस्तेमाल किया गया हो तो इसे सुनकर शायद ही आप विश्वास करें। लेकिन यह एक असली घटना मायानगरी मुंबई के नागपाड़ा की है, जहां हत्यारों ने बुजुर्ग की हत्या करने के लिए आधा दर्जन केला खरीदा और उसी केले की मदद से हत्या को अंजाम दिया। इसी घटना पर रोशनी डालती आज की तहकीकात…
क्या था मामला?
नागपाड़ा के याकूब इमारत के दूसरे फ्लोर पर अब्दुल हमीद जानमोहम्मद अंसारी अकेले रहते थे। उनका २८ जून २०१४ को उनके ही घर में कत्ल कर दिया गया। अगले दिन सुबह करीब साढ़े आठ बजे जब उनकी बेटी-दामाद घर आए और घंटी बजाने के बावजूद अंसारी ने घर नहीं खोला, तो डुप्लीकेट चाबी से दरवाजा खोला गया। अंदर जाने पर बेटी-दामाद को अंसारी की लाश पड़ी मिली। इस घटना की जानकारी नागपाड़ा पुलिस स्टेशन को दी गई। जिसके बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की। जांच में पुलिस को घर में से केले मिले साथ ही पता चला कि याकूब बिल्डिंग के पास दुकान से ही केलों को खरीदा गया था। इस दुकान पर आनेवालों की जब जानकारी निकाली गई, तो उसमें पेशे से पेंटर का काम करने वाले जमील नाम के एक संदिग्ध का नाम सामने आया। उसके बाद उसकी खोजबीन हुई, तो उसे सांताक्रुज से पकड़ा गया। उससे पूछताछ में और दो आरोपियों के नाम सामने आया।
हत्या का खुला राज 
गिरफ्तारी के बाद हुई पूछताछ में जमील ने बताया कि उसे पता था कि अंसारी घर में अकेले रहते हैं, इसलिए उसने अंसारी को लूटने के लिए उसके परिवार के बारे में विस्तार से जानकारी निकाली। इसी के बाद वो अपने दोनों साथियों के साथ उनके घर आधा दर्जन केला लेकर गया और उनसे कहा कि यह आपके एक बेटे ने भिजवाए हैं। केले देखकर अंसारी ने दरवाजा खोल दिया। इसके बाद सभी लोग अंदर आ गए। जमील ने अंसारी को केला दिखाकर कहा कि इसे खा लो, जिंदगी में अब तुम्हें केला खाने को नहीं मिलेगा। जब अंसारी ने पूछा कि ऐसा वैâसे बोल रहे हो, तो जमील ने अपने साथियों के साथ मिलकर उनका गला दबा दिया और फिर घर में रखे ६० हजार रुपए नकद, तीन मोबाइल लेकर भाग गए।
आरोपियों को मिली सजा  
अंसारी डाक विभाग में काम करते थे। उनके तीन बेटे और एक बेटी मुंबई में हैं, पर अंसारी अपनी स्वतंत्र जिंदगी चाहते थे। इसलिए वे अपने घर में ही हमेशा अकेले ही रहते थे। इस हत्याकांड में मुंबई क्राइम ब्रांच ने अन्य दो आरोपियों जमील रफी खान और हमीद नाऊ को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार सभी आरोपियों को कोर्ट से सजा मिली, जिसके बाद सभी जेल की सलाखों के पीछे पहुंच गए हैं।

अन्य समाचार

लालमलाल!