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तहकीकात : आरपीएफ थाने के पास प्लेटफॉर्म पर मर्डर! … पुलिस के लिए सिरदर्द बना बांद्रा टर्मिनस हत्याकांड

जितेंद्र मल्लाह

मुंबई में आने और बाहर जाने वालों की भीड़ के कारण आमतौर पर बांद्रा टर्मिनस पर ज्यादातर समय चहल-पहल रहती है। यहां आनेवाले यात्रियों की भीड़ से अपने और अपने परिवार के लिए दो वक्त की रोजी-रोटी के जुगाड़ में भी सैकड़ों लोग यहां चौबीसों घंटे मौजूद रहते हैं। पार्सल कार्यालय में ठेकेदारों के पास हमाली करनेवाले ऐसे ही सैकड़ों मजदूरों में से एक मजदूर की लाश मंगलवार को सुबह प्लेटफॉर्म नंबर १ के उत्तरी छोर पर मिली थी। मृतक की पहचान ३५ वर्षीय विक्रम सिंह के रूप में सामने आई है, जो कि मूलरूप से राजस्थान के पाली जिले का निवासी था। वह खार-पूर्व के आदर्श लेन इलाके में रहता था तथा मेहनत, मजदूरी (हमाली) करके गुजारा करता था।
बांद्रा टर्मिनस पर सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी रेलवे पुलिस (जीआरपी) की है और उस लिहाज से जीआरपी के लोग वहां गश्त भी करते हैं लेकिन विक्रम सिंह की लाश जहां मिली वहां से बांद्रा टर्मिनस आरपीएफ थाने की दूरी मुश्किल से ५० मीटर होगी। पार्सल कार्यालय से प्लेटफार्म पर जाने वाले गेट पर एक आरपीएफ का जवान चौबीसों घंटे तैनात रहता है। वहां से आम यात्रियों को प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाती है, फिर भी विक्रम सिंह की हत्या की खबर पुलिस को सुबह में हुई। इस लिहाज से विक्रम की हत्या को बांद्रा टर्मिनस पर सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल बताया जा रहा है।
हत्यारे की तलाश में पुलिस
ऐसा दावा किया जा रहा है कि विक्रम सिंह की हत्या आधी रात के बाद उसी के किसी साथी मजदूर ने खाने-पीने के दौरान हुए विवाद के बाद की होगी। उसकी लाश प्लेटफॉर्म के उत्तरी छोर पर खड़े ठेले पर पड़ी मिली थी। उसके बाएं कान के ठीक नीचे किसी भारी वस्तु से प्रहार किए जाने की आशंका पुलिस जता रही है। फिलहाल, बांद्रा रेलवे पुलिस और बांद्रा रेलवे क्राइम ब्रांच की टीम बांद्रा टर्मिनस पर मौजूद विक्रम के परिचित हमालों से पूछताछ करके संदिग्ध हत्यारे के बारे में जानकारी जुटाने का प्रयास कर रही है। पुलिस वारदात के बाद से बांद्रा टर्मिनस से लापता हुए एक हमाल के बारे में खास तौर पर जानकारी जुटाने की कोशिश कर रही है। संदिग्ध का पता ढूंढ़ने के लिए पुलिस उन दुकानदारों से भी जानकारी जुटा रही है, जहां से ज्यादातर हमाल मनी ट्रांसफर के जरिए गांवों में अपने परिजनों को पैसे भेजते हैं। इस बारे में डीसीपी संदीप भाजीभाकरे ने दावा किया है कि हमें एक अच्छी लीड मिली है और हम जल्द ही आरोपी को दबोच लेंगे।

 

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