मुख्यपृष्ठनमस्ते सामनावाराणसी से मुंबई प्रवास पर आईं कवयित्री प्रज्ञा श्रीवास्तव का हुआ सम्मान

वाराणसी से मुंबई प्रवास पर आईं कवयित्री प्रज्ञा श्रीवास्तव का हुआ सम्मान

सामना संवाददाता / मुंबई

रा.सा.सा.व सांस्कृतिक न्यास काव्य सृजन व अखिल भारतीय काव्य मंच के संयुक्त तत्वावधान में वाराणसी उ.प्र.से ख्यातिलब्ध कवयित्री प्रज्ञा श्रीवास्तव के सम्मान में विशेष काव्यगोष्ठी “ऐरो एकेडमी” सफेदपुल, साकीनाका, मुंबई में आयोजित की गई। प्रस्तुत काव्यगोष्ठी की अध्यक्षता आ.हौंसिला प्रसाद “अन्वेषी” ने की और संचालन लाल बहादुर यादव “कमल” ने किया।
शाम को मनभावन बनाने के लिए वरिष्ठ कवि अवनीश दीक्षित, शिवनरायण यादव, शिवप्रकाश “जमदग्निपुरी”, सत्येंद्र सोनकर, प्रा. अंजनी कुमार द्विवेदी “अनमोल”, आनंद पाण्डेय” केवल”, गुरुप्रसाद गुप्त, “आत्मिक” श्रीधर मिश्र, डॉ. प्रमोद पल्लवित, राहुल सिंह “ओज”, राजेंद्र पांडेय, एड. राजीव मिश्र, ऊषा सक्सेना “बीकानेरी”, एरो एकेडमी की संचालिका रीमा यादव, स्नेहा शर्मा ने अपनी रचनाओं एवं गीतों से छटा बिखेरी। श्रोता के रूप में आशीष श्रीवास्तव, पंकज सिंह, रामनारायण वर्मा आदि उपस्थित रहे। वाराणसी से पधारी मुख्य अतिथि प्रज्ञा श्रीवास्तव का सम्मान शाल, श्रीफल, श्रीराम चरित मानस और पुष्पगुच्छ द्वारा संस्था द्वय ने किया। साथ में विशिष्ट अतिथि आशीष श्रीवास्तव का सम्मान शाल, श्रीफल, पुष्पगुच्छ एवं श्रीमद्भगवद्गीता प्रदान कर किया गया। रीमा यादव का भी सम्मान शाल, श्रीफल, पुष्पगुच्छ व भगवद्गीता प्रदान कर किया गया। सभी उपस्थित कवियों, श्रोताओं का सम्मान तिरंगा अंगवस्त्र, सुंदर कांड की पुस्तक भेंट कर किया गया।
प्रज्ञा श्रीवास्तव ने अपने सुमधुर गीतों से सबको भाव-विभोर कर दिया। आ.अन्वेषी ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में अपनी रचना से सबको गदगद कर दिया। कुल मिलाकर एक बहुत ही आनंददायी काव्य-संध्या का समापन हुआ। पं.जमदग्निपुरी ने आगामी रविवार, 7 जनवरी को काव्यसृजन की निर्धारित मासिक गोष्ठी में सभी को सादर आमंत्रित करते हुए आभार प्रकट किया।

अन्य समाचार