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भूमिगत पार्किंग के लिए ठेकदार नहीं … ठाणे की गांवदेवी सब्जी मंडी में वाहनों की दिक्कत

सामना संवाददाता / ठाणे
गांवदेवी मैदान में भूमिगत पार्किंग स्थल के निर्माण से नागरिकों को कुछ राहत मिली है, लेकिन मनपा की सब्जी मंडई भवन के बेसमेंट में पार्किंग स्थल के लिए ठेकेदार नहीं मिल रहा है। मनपा द्वारा इस पार्किंग का ठेका देने के लिए जारी किए गए टेंडर की समय सीमा दो बार बढ़ाने के बावजूद ठेकेदारों ने उससे मुंह मोड़ लिया है। सूत्रों ने बताया कि जगह के किराए की दर अधिक होने के कारण ठेकेदारों से प्रतिसाद नहीं मिल रहा है। इसलिए पार्किंग की सुविधा होने के बावजूद नागरिकों को असुविधा हो रही है।
बता दें कि ठाणे रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन लाखों यात्री यात्रा करते हैं। घर से रेलवे स्टेशन तक पहुंचने के लिए कई यात्री दुपहिया अथवा चौपहिया वाहनों का उपयोग करते हैं। इसमें दुपहिया वाहनों का अनुपात सबसे अधिक है। पार्किंग की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण नागरिक अपनी बाइकें सड़क के किनारे ही खड़ी कर देते हैं। इससे ट्रैफिक जाम हो जाता है। इस समस्या के लिए भूमिगत पार्किंग प्लाजा का निर्माण किया है। इस स्थान पर १३० चौपहिया एवं १२० दुपहिया वाहनों की पार्किंग की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। कुछ साल पहले, पास के गांवदेवी स्थित सब्जी मंडई भवन के बेसमेंट में एक दुपहिया वाहन पार्किंग स्थल का निर्माण किया गया था। इस पार्किंग स्थल में २५० से ३०० दुपहिया वाहन खड़े करने की क्षमता है। यह पार्किंग स्थल नागरिकों के लिए खोला गया था, लेकिन हर साल वसूली में दस फीसदी की बढ़ोतरी की जाती थी। इस मूल्य वृद्धि को वहन करने में सक्षम नहीं होने के कारण, संबंधित ठेकेदार ने २०२० में पार्किंग स्थल का काम बंद कर दिया। तब से पार्किंग स्थल बंद है। इस पार्किंग को खोलने के लिए मनपा ने नया टेंडर जारी किया था। यह टेंडर सिर्फ एक ठेकेदार ने भरा है। इसके चलते मनपा ने दो बार टेंडर की समय सीमा को बढ़ाया लेकिन ठेकेदारों से कोई प्रतिसाद नहीं मिला।
पार्किंग स्थल क्यों बंद है?
पहले गांवदेवी पार्किंग स्थल रीटा मार्केटिंग कंपनी को किराए पर दिया गया था। इस कंपनी से ४,५६,८९६ रुपए मासिक किराया लिया जाता था। उसमें मूल किराए की राशि ३,८७,२०० रुपए थी, जबकि शेष राशि ६९,६९६ रुपए जीएसटी थी। हर साल रेंट में दस फीसदी बढ़ोतरी की जानी थी।

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