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बरेली में साइको किलर का कहर!

सामना संवाददाता / बरेली

६ महीने में एक ही तरह से ९ महिलाओं की हुई हत्या, खौफ में महिलाएं, पुलिस गिरफ्त से बाहर कातिल

बरेली में साइको किलर का कहर फैल गया है, लेकिन पुलिस खाक छान रही है। हाल ही में शहर के शाही शीशगढ़ में नौवीं महिला की लाश मिली। साड़ी का फंदा बनाकर महिला का गला घोंटकर हत्या की गई। बता दें कि पिछले ६ महीने में बरेली के शाही व आस-पास के इलाके में एक ही तरीके से नौ महिलाओं की हत्या से खौफ का माहौल है। कुछ अस्पष्ट खुलासों के बावजूद असली कातिल पुलिस की गिरफ्त से बाहर है। हाल ही में शीशगढ़ इलाके में नौवीं महिला का शव मिला। इससे फिर अफवाहों का बाजार गर्म है। हर गांव में अलग कहानी तैर रही है। कोई इन सभी वारदात के पीछे साइको किलर का हाथ बता रहा है तो कोई तांत्रिक का जाल। इन सब चर्चाओं के बीच महिलाएं खौफजदा हैं, उन्होंने खेतों पर जाना बंद कर दिया है।

मिली जानकारी के अनुसार, पिछले छह महीनों में बरेली के ३५ किलोमीटर के एरिया में खेतों में काम करने वाली ४० से ६५ साल की उम्र वाली नौ महिलाओं की एक ही पैटर्न पर हत्या की जा चुकी है। इसके पीछे किसी साइको किलर के होने के शक से इलाके के करीब तीन सौ गांवों में महिलाओं के बीच खौफ का माहौल है। पुलिस को शक है कि इन घटनाओं के पीछे कोई न कोई सीरियल किलर है।

बेबस हुई पुलिस

शाही-शीशगढ़ क्षेत्र में लगभग एक ही पैटर्न की हो रही ताबड़तोड़ हत्याओं से पुलिस की सतर्कता सवालों के घेरे में आ गई है। आम लोगों के बीच साइको किलर की खूब चर्चा हो रही है। लोगों का कहना है कि साइको किलर ने इस क्षेत्र में डेरा डाल रखा है और लगातार वारदात कर रहा है। पुलिस इसके आगे बेबस साबित हो रही है, न तो पुलिस उसे पकड़ पा रही है और न निगरानी कड़ी करके हत्याओं की रोकथाम कर पा रही है। लगातार हो रही घटनाओं से क्षेत्र के लोगों में दहशत व्याप्त है।

५ जून से शुरू हुआ सिलसिला

रविवार को उर्मिला देवी नामक महिला की हत्या ने ग्रामीणों के मन में दहशत पैदा कर दी है। इस क्षेत्र में पांच जून को महिलाओं की हत्या का सिलसिला शुरू हुआ। साइको किलर के निशाने पर खेत में जाने वाली ४५-६५ आयुवर्ग की महिलाएं रहीं। लगातार हो रही महिलाओं की हत्या से पूरे इलाके में दहशत है।

खुलासे से ज्यादा टालमटोल पर फोकस

इन घटनाओं को लेकर पुलिस का रवैया लापरवाही भरा रहा। पुलिस का फोकस घटनाओं के खुलासे से ज्यादा टालमटोल का रहा। दबाव बना तो शाही की कुसुमा की हत्या में दो युवकों को जेल भेजकर खुलासा कर दिया। सेवा ज्वालापुर की वीरावती की हत्या के महीने भर बाद उसकी बेटी के बयान पर एक व्यक्ति को जेल भेज पुलिस ने खुलासा किया, मगर ये दोनों ही खुलासे सवालों के घेरे में हैं।

आईजी ने दिया ये आदेश

शाही-शीशगढ़ क्षेत्र में ताबड़तोड़ हत्याएं होने और उनका खुलासा न होने को लेकर आईजी डॉ. राकेश सिंह ने नाराजगी जताई है। उन्होंने एसएसपी से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। आईजी ने कहा है कि शाही-शीशगढ़ में हुई महिलाओं की हत्या के मामले में तमाम समानताएं हैं। इनके खुलासे के लिए बड़े स्तर पर प्लानिंग और उस पर काम करने की जरूरत है।

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