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नागपुर से मिला था सदावर्ते को निर्देश? मोबाइल जांच से खुलेगा राज, दो दिन की और बढ़ी हिरासत

सामना संवाददाता / मुंबई। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी अध्यक्ष शरद पवार के निवास स्थान ‘सिल्वर ओक’ के बाहर एसटी कर्मचारियों द्वारा किया गया कथित प्रदर्शन (हमला) एक साजिश के तहत किया गया था। नागपुर से आए निर्देश पर इसे अंजाम दिए जाने का खुलासा हुआ है। इस मामले में पुलिस की मांग पर कोर्ट ने गिरफ्तार अधिवक्ता गुणरत्न सदावर्ते की पुलिस हिरासत दो दिन के लिए बढ़ा दी है। अब कोर्ट के आदेशानुसार १३ अप्रैल तक के लिए अधिवक्ता को पुलिस कस्टडी में भेज दिया है।
पुलिस की जांच में कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। अधिवक्ता सदावर्ते की मोबाइल जांच से इस घटना के कई राज खुलने की आशंका जताई गई है। सोमवार को किला कोर्ट में अधिवक्ता सदावर्ते को पेश किया गया। कोर्ट में सरकारी वकील और बचाव पक्ष में जिरह हुई। इस दौरान सरकारी वकील प्रदीप घरत ने कोर्ट को बताया कि घटना के दिन सुबह करीब साढ़े ११ बजे सदावर्ते को नागपुर से व्हॉट्सऐप कॉल आया था। इसके बाद दूसरी कॉल दोपहर करीब पौने दो बजे आई थी। राकांपा अध्यक्ष के घर एसटी कर्मचारियों का हमला सुनियोजित साजिश के तहत कराया गया था। इसके बाद दोपहर २.४२ बजे पत्रकारों को सूचना दी गई। इस हमले की पूरी जानकारी सदावर्ते को थी। इस घटना का संदिग्ध आरोपी अभी भी फरार है, जो यूट्यूब एमजेटी चैनल चलाता है, इसके सदावर्ते से लिंक हैं। सदावर्ते द्वारा कथित रूप से इस प्रदर्शन का विजयी उत्सव बारामती में मनाया जाना था। इन सभी मामलों की जांच अभी बाकी है। इस जांच के लिए कोर्ट से ११ दिन पुलिस हिरासत की मांग की गई थी।
हमलावर एसटी कर्मियों पर होगी कार्रवाई
महाराष्ट्र सरकार ने राकांपा अध्यक्ष शरद पवार के घर पर एसटी कर्मचारियों के हमले को गंभीरता से लिया है। पवार के घर पर हुए हमले में शामिल लोगों के खिलाफ कार्रवाई का पैâसला लिया गया है। परिवहन मंत्री व एसटी महामंडल के अध्यक्ष एड. अनिल परब ने स्पष्ट किया है कि हमले में शामिल कर्मियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।
मंत्रालय में कल प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए परब ने बताया कि पवार के आवास पर एसटी कर्मचारियों का आंदोलन करना उचित नहीं था। इस आंदोलन में शामिल कर्मियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई करने का पैâसला लिया गया है। उच्च न्यायालय ने एसटी कर्मचारियों को २२ अप्रैल २०२२ तक काम पर लौटने का निर्देश दिया है। इस
पृष्ठभूमि में परब ने अपने कार्यालय में एसटी अधिकारियों की समीक्षा बैठक बुलाई थी। बैठक में पवार के आवास पर हमला करनेवाले कर्मचारियों पर कार्रवाई का निर्णय लिया गया।‌
एसआईटी कर रही है जांच
पुलिस की एसआईटी उक्त इलाके में लगाए गए सैकड़ों सीसीटीवी फुटेज की जांच कर रही है। इसके अलावा घटना के समय आए गए फोन कॉल की जांच कर रही है। पुलिस ने आशंका जताई है कि प्रदर्शनकारियों को निर्देश दिया जा रहा था। इस मामले में पुलिस ने अब तक ११० लोगों को गिरफ्तार किया है। गांवदेवी पुलिस सदावर्ते को हिरासत में लेकर पुलिस स्टेशन ले गई, जहां उनसे पूछताछ की जाएगी। जबकि १०९ लोगों को आर्थर रोड जेल भेज दिया गया।

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