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वरिष्ठ नागरिकों को रेल किराए में मिलनेवाली रियायत को केंद्र सरकार द्वारा कोरोना के समय बंद दिया गया था। जिसका पुरजोर विरोध होने के बाद फिर से शुरू करने का निर्णय सरकार ने लिया है लेकि‍न इस बार इसका नि‍यम बदल गया है। अब सीनियर सिटीजन को रेलवे टिकटों में मिलनेवाली रियायत की आयु ७० वर्ष कर दी गई है। यह कहां तक उचित है?

• सोच-समझकर लेना चाहिए निर्णय
पता नहीं क्यों केंद्र इस तरह के गलत निर्णय ले रहा है। खुद सारी उम्र सत्ता सुंदरी से चिपके रहकर तमाम सुविधाएं भोगेंगे और आम जनता को नियम बताएंगे। क्या सोच कर ७० सालवालों को रेलवे में रियायत देने की बात केंद्र सरकार कह रही है। एक बार हम फिर कहेंगे कि कोई भी निर्णय लेने के पहले सरकार उस बारे में सौ बार सोचे।
मंशा तिवारी, डोंबिवली

• ऐसी सरकार का निषेध होना चाहिए
केंद्र सरकार भी अजीब है। सेवा निवृत्ति की उम्र ६० साल और वरिष्ठ नागरिकों को मिलने वाली सुविधाओं की उम्र ७० साल, वाह! क्या बात है? ऐसी सरकार का निषेध होना चाहिए।
अभय मिश्रा, कल्याण

• भविष्य में रियायत ही खत्म कर देगी
इतने वर्ष से रेलवे ने वरिष्ठ नागरिकों को रेल टिकट में रियायत दी थी। इस रियायत देने का मकसद था कि वरिष्ठ नागरिक एक जगह रहने की बजाय तीर्थाटन, इधर-उधर घूम-फिरकर चौथेपन को अच्छी तरह से गुजार सकें। उसे भी यह सरकार बंद करना चाहती है। कुछ दिन और रह गई तो रेल टिकट रियायत की सीमा १०० वर्ष तक न कर दे। अर्थात खत्म कर देगी।
अजीत नाईक, बदलापुर

• वरिष्ठ नागरिकों के साथ छलावा है
वरिष्ठ नागरिकों को रेल किराया में मिलने वाली रियायत की आयु सीमा ७० वर्ष करने का पैâसला केंद्र सरकार की गलत नीति है। इसे पहले जैसा ही ५८ वर्ष (महिला) और ६० वर्ष (पुरुष) की उम्र सीमा पर लागू करना चाहिए। ताकि सचमुच में इसका लाभ वरिष्ठ नागरिकों को मिले, अन्यथा ये वरिष्ठ नागरिकों के साथ छलावा है।
मीरा देवी, भायंदर

• क्या मरने के बाद रियायत देगी?
भारतीयों की औसत आयु ६९.९ वर्ष आंकी गई है। ऐसे में रेल मंत्रालय ७० वर्ष की आयु से अधिक के वरिष्ठ नागरिकों को क्या उनके मरने के बाद टिकट में रियायत देगा? यह सुव‍िधा पहले ५८ वर्ष की महिलाओं और ६० वर्ष की आयु पूरी कर चुके पुरुषों को दी जाती थी।
शैलेश मिश्रा,मीरा रोड

• वरिष्ठ नागरिकों की उम्र ही तय नहीं
हिंदुस्थाान के वरिष्ठ नागरिकों की आयु तय नही है। कभी ६०, कभी ६५ अब रेल मंत्रालय ने ७० वर्ष कर दिया है। रेलवे ने भी वरिष्ठ नागरिकों के साथ आंख-मिचौली शुरू की है। अब रेलवे ने अपनी आय बढ़ाने के लिए वरिष्ठ नागरिकों की आयु सीमा बढ़ा दी है, जिससे वरिष्ठ नागरिकों को रेल टिकट में रियायत कम देनी पड़े। यह निर्णय गलत है।
अधिवक्ता उमाकांत पांडेय, उल्हासनगर

आज का सवाल?
पुलवामा कांड के बाद केंद्र सरकार ने घोषित किया था कि अब सैनिकों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर हेलिकॉप्टर से ले जाया जाएगा। लेकिन सोमवार को कश्मीर में सैनिकों की एक बस खाई में गिर गई, जिसमें ६ सैनिक शहीद और ३३ घायल हो गए। इसका जिम्मेदार कौन है?
आप क्या सोचते हैं? तुरंत लिखकर भेजें या मोबाइल नं. ९३२४१७६७६९ पर व्हॉट्सऐप करें।

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