" /> गुमनाम अस्पताल वैक्सीन भेजो पाताल!….गजब है मध्य प्रदेश की `मामा’ सरकार

गुमनाम अस्पताल वैक्सीन भेजो पाताल!….गजब है मध्य प्रदेश की `मामा’ सरकार

मध्य प्रदेश में `मामा’ की सरकार गजब है। सिस्टम की लापरवाही का आलम यह है कि गुमनाम अस्पताल के नाम पर कोविशील्ड वैक्सीन की १०,००० डोज बुक कर दी गई, जबकि जिस नाम से वैक्सीन बुक की गई है वह अस्पताल मध्य प्रदेश में है ही नहीं। बता दें कि जबलपुर शहर दवा कालाबाजारी और घोटालों के चलते काफी कुख्यात हो चुका है। पिछले दिनों नकली रेमडेसिविर गिरोह का भांडा फूटने के बाद अब वैक्सीन का जो नया गोलमाल सामने आया है, उससे यह सवाल उठ रहा है कि क्या वैक्सीन की भी कालाबाजारी की जाना थी? एक ऐसा ही मसला यहां सामने आया है, जिस पर स्वास्थ्य विभाग अभी मौन है। मैक्स हेल्थ केयर अस्पताल जबलपुर के नाम से सीरम इंस्टीट्यूट को कोविशील्ड की १० हजार डोज की बुकिंग करवाई गई लेकिन पता चला कि इस नाम का तो कोई अस्पताल है ही नहीं। मैक्स हेल्थ केयर नाम के अस्पताल ने सीरम इंस्टीट्यूट पुणे से कोविशील्ड की १०,००० डोज की बुकिंग करवार्इं। इसकी सूची केंद्र सरकार ने राज्य के स्वास्थ्य महकमे को दी लेकिन जांच में पता चला कि इस नाम का कोई अस्पताल ही नहीं है। यानि काल्पनिक अस्पताल के नाम से १० हजार कोविशील्ड की डोज बुक कर दी गई है इसकी कीमत ६० लाख रुपए है।
निरीक्षण के दौरान खुली पोल
पूरा मामला भोपाल से मिले पत्र के बाद उजागर हुआ। जब टीकाकरण अधिकारी को अस्पताल का निरीक्षण करने के आदेश दिए गए। जांच में टीकाकरण अधिकारी ने पाया कि ऐसा कोई अस्पताल है ही नहीं। इस नए खुलासे के बाद स्वास्थ्य विभाग में हल्ला मच गया। अब सवाल यह उठ रहा है कि क्या वैक्सीन की कालाबाजारी की तैयारी थी और क्या इसके पीछे नकली इंजेक्शन जैसा ही कोई बड़ा गिरोह सक्रिय था?
पैâला है कालाबाजारी का रैकेट
जबलपुर में हाल ही में रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी के रैकेट का भंडाफोड़ हो चुका है। इसमें अस्पताल संचालक ही शामिल था। इसलिए स्वास्थ्य महकमे का इस मामले को हल्के में लेना कहीं फिर भारी न पड़ जाए। जिले के टीकाकरण अधिकारी ने इस मामले में भोपाल को पत्र भेजकर अपनी जिम्मेदारी पूरी करना समझ लिया है लेकिन संजीदा दिख रहे हैं इस मसले पर क्या जवाब देकर इतिश्री करना ही काफी है ? क्या मामले की जांच नहीं होनी चाहिए कि आखिर वैâसे काल्पनिक अस्पता,ल के नाम पर कोविशील्ड वैक्सीन की १० हजार डोज की बुकिंग कर दी गई।