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देश के संविधान और लोकतंत्र को बचाने के लिए निकाली जाएगी ‘नफरत छोड़ो, भारत जोड़ो यात्रा’!

• कई दल लेंगे भाग

सामना संवाददाता / मुंबई
देश के लोकतंत्र और संविधान को मिटाने की कोशिश की जा रही है। देश में आज चल रही नफरत, विभाजन और हिंसा की राजनीति देश को तबाह कर रही है। ऐसी परिस्थिति में कांग्रेस नेता व सांसद राहुल गांधी ने देश के संविधान और लोकतंत्र को बचाने के लिए पूरे देश में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ शुरू की है। इस पृष्ठभूमि में, मुंबई कांग्रेस की ओर से रविवार २ अक्टूबर, २०२२ को मुंबई में ‘नफरत छोड़ो, भारत जोड़ो’ यात्रा निकाली जाएगी। सांप्रदायिक सद्भाव, शांति और राष्ट्रीय एकता के लिए राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और लालबहादुर शास्त्री की जयंती के अवसर पर यह यात्रा निकाली जाएगी। इस यात्रा में मुंबई कांग्रेस के साथ राकांपा, शिवसेना, जनता दल (सेक्युलर), समाजवादी पार्टी, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी, रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (कवाड़े ग्रुप), रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (गवई ग्रुप), शेतकरी कामगार पक्ष ये सभी राजनीतिक दल सहभागी होंगे। यह जानकारी मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष भाई जगताप ने मुंबई में आयोजित प्रेस कॉन्प्रâेस में दी। उन्होंने आगे कहा कि इस यात्रा में इन सभी राजनीतिक दलों के सभी प्रमुख नेता शामिल होंगे। इनके अलावा महात्मा गांधी फाउंडेशन, मीडिया फॉर पीपल, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी, भारत बचाओ आंदोलन, नफरत छोड़ो संविधान बचाओ अभियान, बीसीएस, सेव आर मूवमेंट, भारतीय मुस्लिम महिला आंदोलन, मास,  फ्रेंड्स ऑफ डेमोक्रेसी, एनटीयूआई, युवा क्रांति सभा, सीटू, इंटक, एचएमएस, टीयूसीआय, आयटक, भारतीय कामगार सेना जैसे २१ प्रमुख सामाजिक संगठन और सभी ट्रेड यूनियन भाग लेंगे।

इस यात्रा में भाजपा सहित, ‘आप’ और एमआईएम जो भाजपा की बी टीम है, सिर्फ ये दो संगठन इस ‘नफरत छोड़ो, भारत जोड़ो’ यात्रा में भाग नहीं लेंगे। भाई जगताप ने आगे कहा कि ‘नफरत छोड़ो, भारत जोड़ो’ यात्रा दोपहर ३ बजे अगस्त क्रांति मैदान से शुरू होगी और आगे नाना चौक, वैâनेडी ब्रिज, ओपेरा हाउस, जगन्नाथ शंकरशेठ रोड, धोबी झील, मेट्रो सिनेमा, पैâशन स्ट्रीट, हुतात्मा चौक, लाल बहादुर शास्त्री की प्रतिमा, परमपूज्य डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की प्रतिमा, कूपरेज मैदान में स्थित राजीव गांधी की प्रतिमा से होते हुए मंत्रालय के पास राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा के पास समाप्त होगी। इस ‘नफरत छोड़ो, देश जोड़ो’ यात्रा को ९० वर्षीय ज्येष्ठ स्वतंत्रता सेनानी श्री. जी.जी. पारेख के हाथों हरी झंडी दिखाई जाएगी। देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज नफरत, बंटवारे और हिंसा की राजनीति कर रहे हैं। इस वजह से देश जातियों और धर्मों में विभाजित हो रहा है। देश के संविधान और लोकतंत्र को नष्ट करने का षड्यंत्र किया जा रहा है। विरोधियों को बोलने नहीं दिया जाता। संसद में बोलने की अनुमति नहीं है। सरकार के खिलाफ बोलने पर ईडी और सीबीआई के जरिए कार्रवाई की जाती है। बदले की राजनीति चल रही है। यही वजह है कि भाजपा सरकार के खिलाफ कांग्रेस सहित अन्य सभी विपक्षी दल बड़ी संख्या में ‘भारत जोड़ो यात्रा’ में भाग ले रहे हैं, ऐसा भाई जगताप में कहा।

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