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सपा गठबंधन में ‘रार’! ….भतीजे का न्योता ठुकराकर ‘चचा’ गांव में सुन रहे भागवत

• महान दल को नहीं मिला बुलावा

विक्रम सिंह / सुल्तानपुर । यूपी चुनाव में करारी शिकस्त के बाद मुलायम परिवार व सपा गठबंधन में एक बार फिर ‘रार’ बढ़ती दिख रही है। ‘भतीजे’ अखिलेश से ‘चचा’ शिवपाल नाराज हो गए हैं। पहले तो सपा की बैठक में उन्हें बुलाया ही नहीं गया। …और जब सपा गठबंधन की बैठक में अखिलेश ने आमंत्रित किया तो गुस्साए शिवपाल अपने गांव इटावा चले गए। राजधानी लखनऊ में जब सपा सुप्रीमो अखिलेश यादव अपने सहयोगियों के साथ हार की समीक्षा कर रहे थे तो उधर चचा शिवपाल अपने गांव में भागवत कथा सुन रहे थे। यही नहीं सहयोगी ‘महान दल’ को भी गठबंधन की बैठक में नहीं बुलाया गया, जिससे दरार बढ़ती दिख रही है।

सबसे पहले सपा परिवार दो दिन पूर्व दरार नजर आई । जब सपा विधानमंडल दल की बैठक में नहीं बुलाए जाने से शिवपाल यादव नाराज हो उठे और लखनऊ से सीधे जा पहुंचे दिल्ली अपने भाई सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव के पास। उनसे अपनी व्यथा कथा कही। लेकिन ऐसा नहीं है कि विधानमंडल दल की बैठक में नहीं बुलाए जाने की वजह से ही शिवपाल यादव नाराज हैं, बल्कि वह उसी समय से असंतुष्ट हैं जब भतीजे अखिलेश ने उन्हें महज एक सीट दी। इतना ही नहीं, उन्हें सपा के सिंबल पर ही लड़ने को कहा गया। चुनाव के बीच ही शिवपाल यादव का दर्द उनकी जुबान पर आ गया था। उन्होंने कहा था कि बड़े भाई मुलायम सिंह यादव के कहने पर उन्होंने अपनी पार्टी कुर्बान करके सपा के साथ गठबंधन किया था। उधर मंगलवार को जब समाजवादी पार्टी ने गठबंधन दलों की बैठक की तो ट्विटर पर अखिलेश यादव के हवाले से जारी न्योते में प्रसपा चीफ शिवपाल यादव के अलावा सुभासपा प्रमुख ओम प्रकाश राजभर, अपना दल कमेरावादी से पल्लवी पटेल और राष्ट्रीय लोक दल के राजपाल बालियान को बुलाया गया लेकिन महान दल को भी इस बैठक में शामिल नहीं किया गया। उधर, नाराज शिवपाल भी नहीं माने । वे अभी भी रूठे हुए हैं। ऐसे में साफ है कि सपा के लिए आगे की राह आसान नहीं है।

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