मुख्यपृष्ठनए समाचारये कैसी शिक्षा व्यवस्था? : कक्षा १० के विद्यार्थियों के लिए मुंब्रा...

ये कैसी शिक्षा व्यवस्था? : कक्षा १० के विद्यार्थियों के लिए मुंब्रा में परीक्षा केंद्र हैं पांच किलोमीटर दूर

रीता ताई आव्हाड ने जिलाधिकारी को दिया आवेदन
सामना संवाददाता / ठाणे
शिक्षा विभाग के अनुसार १०वीं कक्षा के छात्रों के लिए परीक्षा केंद्र घर के करीब होना चाहिए। हालांकि, मुंब्रा क्षेत्र में कई छात्रों के परीक्षा केंद्र उनके घर और स्कूल से लगभग पांच किमी की दूरी पर दिए गए हैं। यदि छात्र शहर में ट्रैफिक जाम में फंस जाते हैं, तो उनके लिए समय पर परीक्षा केंद्र तक पहुंचना मुश्किल होगा और उनकी शिक्षा बर्बाद होने की संभावना है, ऐसा निवेदन राकांपा की ठाणे-पालघर मंडल अध्यक्ष रीता आव्हाड ने जिला कलेक्टर अशोक शिंगारे को दिया है। जिला कलेक्टर ने इस संबंध में शिक्षा विभाग से बात कर समाधान निकालने का वादा किया है।
बता दें कि मुंब्रा क्षेत्र के कई १०वीं के छात्रों को रेलवे स्टेशन से ४ से ५ किमी दूर कौसा, देवरी पाड़ा आदि में परीक्षा केंद्र दिए गए हैं। चूंकि ये केंद्र आवास से लगभग पांच किमी की दूरी पर स्थित हैं, इसलिए छात्रों को अधिक समय और पैसा खर्च करना होगा। इस संबंध में पटेल स्कूल के शिक्षक अब्दुल रहमान और इसराइल खान ने कई बार प्रशासन से संपर्क कर केंद्र बदलने का अनुरोध किया था। हालांकि, कोई समाधान नहीं निकला। आखिरकार, राकांपा की रीता आव्हाड ने तुरंत इस बात का संज्ञान लिया और जिला कलेक्टर से संपर्क किया। जिला कलेक्टर ने भी इस मामले में जल्द से जल्द समाधान निकालने का आश्वासन दिया है।
रीता आव्हाड ने बताया कि १०वीं और १२वीं कक्षा के छात्रों के लिए परीक्षा केंद्र घर के करीब होना चाहिए। हालांकि, वर्तमान में प्रदान किए गए परीक्षा केंद्रों के कारण छात्रों को एक बड़ी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। शहर में ट्रैफिक जाम एक बड़ी समस्या है। इस जाम में फंसने पर आमतौर पर तीन किमी की दूरी तय करने में कम से कम एक घंटा लग जाता है। इसके अलावा, सार्वजनिक परिवहन प्रणाली भी कुशल नहीं होने के कारण छात्रों को आर्थिक नुकसान होने की संभावना है। रीता ताई आव्हाड ने मांग की है कि प्रशासन को तुरंत परीक्षा केंद्र बदलना चाहिए, क्योंकि जो छात्र इस यात्रा में थक गया है, वह परीक्षा कैसे देगा।

 

अन्य समाचार