मुख्यपृष्ठधर्म विशेषजीवन दर्पण : शिवजी को जल चढ़ाएं स्वास्थ ठीक रहेगा

जीवन दर्पण : शिवजी को जल चढ़ाएं स्वास्थ ठीक रहेगा

– डॉ. बालकृष्ण मिश्र

गुरुजी मेरी राशि क्या है और मेरा करियर किस फील्ड में होगा कृपा करके बताएं?
सार्थक शिवजी कोली
(जन्म- ६ अगस्त २०१०, समय- रात्रि १०:२५ बजे, स्थान सोलापुर महाराष्ट्र)
सार्थक जी, आपका जन्म शुक्रवार के दिन हुआ है। मृगशिरा नक्षत्र के तृतीय चरण में राशि आपकी मिथुन बन रही है। लग्न के आधार पर अगर हम देख रहे हैं तो मीन लग्न में आपका जन्म हुआ है। एजुकेशन का विचार पंचम भाव से किया जाता है और करियर का विचार दशम भाव से किया जाता है। दशम भाव का स्वामी आपकी कुंडली में बृहस्पति है और पंचम भाव का स्वामी आपकी कुंडली में चंद्रमा है और वह चंद्रमा केतु ग्रह के साथ में चौथे स्थान पर बैठकर के चंद्र ग्रहण योग बन गया है। इसलिए आपकी शिक्षा बहुत अच्छी होगी लेकिन चंद्रमा के साथ में केतु बैठने के कारण जो दोष बन रहा है, इस दोष का वैदिक उपाय आपको करना चाहिए। यदि महादशा के आधार पर हम देख रहे हैं तो इस समय राहु की महादशा चल रही है और राहु की महादशा में शुक्र का अंतर चल रहा है। इसलिए ग्रहण योग एवं कालसर्प दोष की पूजा होना जरूरी है।
गुरुजी मेरी राशि क्या है और क्या मेरी कुंडली में कालसर्प योग बना हुआ है? यदि है तो कृपया कोई उपाय बताएं?
आयुष मौर्य
(जन्म- ३ मार्च २०१६, समय- प्रात: ६:३०बजे, स्थान- सूरत, गुजरात)
आयुष जी, आपका जन्म गुरुवार के दिन मूल नक्षत्र में हुआ है। मूल नक्षत्र गंड मूल संज्ञक नक्षत्र माना जाता है। इस नक्षत्र में जन्म लेने पर २७ वे दिन पूजा की जाती है क्या आप के पिता जी ने आपकी पूजा करवाई थी? यदि लग्न और राशि के आधार पर हम देख रहे हैं तो कुंभ लग्न में आपका जन्म हुआ है और राशि आपकी धनु बन रही है। कुंभ लग्न में ही सूर्य बुध केतु बैठा हुआ है और सप्तम स्थान पर बृहस्पति के साथ में राहु बैठा हुआ। लग्न से बाएं तरफ कोई ग्रह न होने के कारण आपकी कुंडली में अनंत नाम का कालसर्प योग बना हुआ है। इसलिए इस अनंत नामक कालसर्प योग की पूजा करवाना आवश्यक है। वैसे आपकी कुंडली अच्छी है। आपके जन्म के बाद में आपके पिता के कार्य क्षेत्र का बहुत अच्छा विकास हुआ होगा। जीवन को विस्तार एवं गहराई से जानने के लिए आपको संपूर्ण जीवन दर्पण गोल्ड बनवाना चाहिए।
गुरुजी मेरी राशि क्या है और मेरा स्वास्थ्य क्यों ठीक नहीं रहता है कृप्या बताएं?
श्रेयस आशीष मौर्य
(जन्म- ४ जनवरी २०१९ समय- प्रात: ६:३०बजे, स्थान- भदोही उत्तर प्रदेश)
श्रेयस जी, आपका जन्म शुक्रवार के दिन ज्येष्ठा नक्षत्र में और राशि आपकी वृश्चिक बन रही है। वृश्चिक राशि पर चंद्रमा नीच राशि का होता है। चंद्रमा आपकी कुंडली में अष्टम स्थान का स्वामी होकर के बारहवें स्थान पर बैठा हुआ है। इस कारण आपका स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता होगा। वैसे नक्षत्र के आधार पर अगर हम देख रहे हैं तो ज्येष्ठा नक्षत्र में आपका जन्म हुआ है। ज्येष्ठा नक्षत्र भी गंड मूल संज्ञक नक्षत्र की भी शांति २७ में दिन करनी चाहिए थी। आपको शिव जी को जल प्रतिदिन चढ़ाना चाहिए और हनुमान चालीसा का पाठ प्रतिदिन आपको करना चाहिए। इससे धीरे-धीरे आपका स्वास्थ्य ठीक होगा और आपकी मां को प्रदोष व्रत रखना चाहिए। जीवन को विस्तार से जानने के लिए आपको संपूर्ण जीवन दर्पण गोल्ड बनवाना चाहिए।

‘जीवन दर्पण’ कॉलम के तहत यदि आप अपने बारे में कुछ जानना चाहते हैं तो अपना नाम, जन्म तारीख, जन्म समय और जन्म स्थान के साथ अपना सवाल व्हाट्सऐप नंबर ९२२२०४१००१ पर लिख भेजें।

अन्य समाचार