सामना संवाददाता / मीरा रोड
मीरा रोड में ऑटो रिक्शा चालकों में कई आपराधिक पृष्ठभूमि वाले होने की आशंका है, पैसेंजर के साथ उनका अभद्रता भरा व्यवहार इस बात को दर्शाता है कि उनकी पृष्ठभूमि आपराधिक रही होगी। यहां एक खास वर्ग के रिक्शा चालकों की संख्या अधिक है, जो सामान्य यात्रियों से दुर्व्यवहार व्यवहार करते हैं।
ज्ञात हो कि मीरा-भायंदर शहर की आबादी तेजी से बढ़ी है। दोनों शहरों में यातायात के साधनों में ऑटो रिक्शा का अपना स्थान है। मीरा भायंदर में हजारों की संख्या में अधिकृत एवं अनधिकृत रिक्शा चल रहे हैं। दोनों शहरों में देखें तो मीरा रोड स्टेशन से जुड़े रिक्शा चालकों का व्यवहार यात्रियों के प्रति अव्यवहारिक होता है। यात्रियों की मानें तो यहां के रिक्शा चालक यात्रियों से अभद्रता से पेश आते है। इनकी अभद्रता के कारण कई बार यात्री अपने आप को दुखी और असज महसूस करते है। उस समय स्थिति और खराब तो जाती है जब यात्री अपने परिवार, खासकर महिलाओं और बच्चों के साथ यात्रा कर रहा होता है। इस मामले में यात्री अशोक तावडे ने बताया कि कि मीरा रोड के कई रिक्शा चालकों के हाव-भाव आपराधिक लगते है। ऐसा लगता है कि ये किसी अन्य शहरों से तड़ीपार होकर मीरा रोड में रिक्शा चला रहे हैं।
रिक्शा चालकों की हो जांच….नियमित रूप से ऑफिस से देर रात लौटने वाले यात्री गौतम कुमार ने बताया कि उन्हें मुंबई से मीरा रोड आने में लेट हो जाता है कई बार ऐसा देखने को मिला है कि रिक्शे वालों का व्यवहार उचित नहीं है। अगर उनके मनमुताबिक यात्री न मिले तो वो यात्रियों से रुखा व्यवहार करते हैं, कभी-कभी तो यात्रियों और रिक्शा चालकों के बीच तू-तू, मैं-मै हो जाती है । देर रात होने के कारण ये लोग कई परिसरों में यात्रियों को लेकर जाना नहीं चाहते हैं। और अगर जाते भी हैं तो डबल किरऐ की मांग करते हैं। मीटर के हिसाब से यात्री को नहीं बिठाते है। आश्चर्य तो तब होता है जब यात्री और रिक्शा चालकों के विवाद में रिक्शा चालक खुले रूप में ये कहता है कि मुझे सिर्फ रिक्शा चालक मत समझना।
सुरक्षा के लिए खतरा मीरा रोड में रिक्शा चालकों में कुछ आपराधिक प्रवृति के लोगों का समावेश है, जो अक्सर रात में रिक्शा चालक का काम करते हैं। ऐसे लोग जो रात में रिक्शा चलाते हंै उनमें से कुछ का व्यवहार यात्रियों के साथ सामान्य नहीं होता है। ऐसा महसूस होता है कि इनका निश्चित रूप से रिकॉर्ड अपराधिक रहा होगा। ऐसे रिक्शा चालकों की जांच होनी चाहिए, ताकि भविष्य में सुरक्षा को लेकर कोई खतरा न हो।
