सामना संवाददाता / पुणे
मोदी राज में आम लोगों की मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं। एक तो गैस सिलेंडर जल्दी मिल नहीं रहे हैं और यदि मिल भी रहे हैं तो उनमें गैस से ज्यादा पानी मिल रहा है। यह कोई मजाक नहीं बल्कि हकीकत है। पुणे में एक ऐसा ही चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जिसमें एक गैस सिलेंडर से १० लीटर पानी निकला है। माना जा रहा है कि गैस निकालकर उसमें पानी भरा गया है। इस वाकये के सामने आने के बाद लोगों ने गैस एजेंसी के सामने जमकर प्रदर्शन किया है।
‘महीने में कभी-कभी
ऐसा हो जाता है!’
-सिलेंडर में पानी भरने पर गैस एजेंसी का बेशर्म जवाब
अगर आपके घर आने वाले रसोई गैस सिलेंडर से गैस की जगह पानी निकलने लगे तो सोचकर ही हैरानी होती है। लेकिन पुणे में ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। पुणे के पार्वती हिल इलाके में एक घरेलू गैस सिलेंडर से गैस के बजाय सीधे पानी निकलने लगा। सिलेंडर से करीब १० लीटर पानी निकलने की बात सामने आने के बाद ग्राहकों में भारी गुस्सा पैâल गया।
गैस की जगह पानी मिलने से नाराज लोगों ने पुलिस के सामने ही एजेंसी के बाहर इस पूरे मामले का खुलासा किया। इसके बाद एजेंसी प्रबंधक ने सिलेंडर में पानी होने की बात स्वीकार करते हुए कहा कि महीने में कभी-कभार ऐसा हो जाता है।
पानी आने के पीछे का खेल
सवाल उठ रहा है कि आखिर गैस सिलेंडर में पानी आता वैâसे है? जानकारी के अनुसार, कुछ अवैध गैस एजेंसी संचालक, वितरक या डिलिवरी कर्मचारी सिलेंडर से रसोई गैस चोरी कर लेते हैं। गैस निकालने के बाद सिलेंडर का वजन कम न दिखे, इसलिए उसमें ३ से ४ लीटर या उससे अधिक पानी भर दिया जाता है, ताकि वजन मशीन पर सिलेंडर सामान्य दिखाई दे। दूसरी ओर, गैस कंपनियां समय-समय पर सिलेंडरों की मजबूती और सुरक्षा जांच के लिए हाइड्रो परीक्षण करती हैं। इस प्रक्रिया में सिलेंडर में तेज दबाव के साथ पानी भरा जाता है। लेकिन लापरवाही के कारण यदि सिलेंडर को ठीक से सुखाए बिना उसमें गैस भर दी जाए तो उसमें पानी रह सकता है।
