देशभक्ति गीतों से गूंजा पूरा परिसर, 80वें स्वतंत्रता दिवस पर कैदियों की संगीत जुगलबंदी
सामना संवाददाता / मुंबई
भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर पुणे के येरवडा खुले कारागृह में कैदियों के लिए एक अनोखे और भावनात्मक संगीत समारोह का आयोजन किया गया। ऑर्केस्ट्रा राहिल म्यूजिकल मेलोडीज और स्व. मोहम्मद रफी फैंस क्लब, पुणे के संयुक्त तत्वावधान में सुबह 10 बजे से दोपहर 1.30 बजे तक देशभक्ति गीतों का शानदार कार्यक्रम प्रस्तुत किया गया।
यह पूरा समारोह महाराष्ट्र राज्य के अपर पुलिस महानिदेशक एवं महानिरीक्षक डॉ. सुहास वारके, विशेष कारागृह महानिरीक्षक योगेश देसाई और पुणे विभाग के कारागृह उपमहानिरीक्षक सुनील ढमाल के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया।
इस मौके पर कारागृह अधीक्षक शामकांत शेडगे ने सभी अतिथियों और कलाकारों का शॉल और श्रीफल देकर सम्मान किया। कार्यक्रम की सबसे बड़ी विशेषता कारागृह अधीक्षक शामकांत शेडगे द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति पर आधारित शेरो-शायरी रही। उनकी हर पंक्ति पर कैदियों और कर्मचारियों ने तालियों से दाद दी।
देशभक्ति के गीतों से पूरा माहौल देशभक्ति से ओतप्रोत हो गया। ‘ऐ मेरे वतन के लोगो’, ‘मेरे देश की धरती’, ‘नन्हा मुन्ना राही हूं’, ‘मेरा रंग दे बसंती चोला’, ‘मेरा कर्मा तू, मेरा धर्मा तू’ और ‘मेरा देश, मेरा मुल्क’ जैसे गीतों ने माहौल में रंग भर दिया। कार्यक्रम का सफल संचालन और गायन मुराद काजी ने किया। कैदियों ने भी गायन प्रस्तुत कर खूब वाहवाही लूटी।
इस भव्य कार्यक्रम को सफल बनाने में वरिष्ठ अधिकारी नागेश कांबले, नागनाथ भानवसे, निशा श्रेयकर, सुनील गायकवाड सहित सभी जेल कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। बड़ी संख्या में बंदी भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
येरवडा कारागृह का यह आयोजन सिर्फ मनोरंजन तक सीमित नहीं था। संगीत के जरिए कैदियों तक देशभक्ति और सकारात्मकता का संदेश पहुंचाना इसका मुख्य उद्देश्य था। ऐसे प्रयास निश्चित रूप से पुनर्वास की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगे।
