राधेश्याम सिंह
वसई। वसई-विरार पुलिस आयुक्तालय के क्राइम ब्रांच 2 की टीम ने दो अलग-अलग जगहों पर छापेमारी करके 30 लाख 70 हजार की अवैध देसी शराब बनाने वाली दो भट्टियों को तोड़ करके दो आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया है, जबकि एक आरोपी मौके से फरार हो गया।
पुलिस ने नायगांव के पांजू द्वीप पर अधिकारियों के आदेश पर, क्राइम ब्रांच 2 की एक टीम को नायगांव पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में भेजा गया। सुबह की गश्त के दौरान मुखबिर से जानकारी मिली कि पांजू द्वीप पर वदारकानाथ पाटिल और पुंडलिक म्हात्रे नाम के दो व्यक्ति बिना लाइसेंस के बड़े पैमाने पर देसी शराब का उत्पादन कर रहे हैं। सूचना के आधार पर, पुलिस निरीक्षक अविराज कुराडे के नेतृत्व में टीम ने तुरंत पांजू द्वीप पर छापा मारा। मौके पर, वदारकानाथ दत्तात्रेय पाटिल (उम्र 50) को शराब बनाते हुए रंगे हाथों पकड़ा लिया। जबकि उसका साथी पुंडलिक म्हात्रे भागने में सफल रहा। इस छापेमारी में पुलिस ने 150 लीटर तैयार देसी शराब, 200 लीटर की क्षमता वाले 162 नीले और सफेद ड्रमों में भरी 32,400 लीटर वॉश, और शराब बनाने के उपकरण जब्त किए। जब्त किए गए माल की कुल कीमत 17 लाख 80 हजार है। जब्त की गई शराब के नमूने लेने के बाद, बाकी सारा माल मौके पर ही नष्ट कर दिया गया।
दूसरी कार्रवाई दोपहर में, अपराध जांच प्रकोष्ठ-2 की दूसरी टीम को नायगांव पुलिस स्टेशन क्षेत्र में भेजा गया। पुलिस उपनिरीक्षक संतोष घाडगे और उनकी टीम को एक मुखबिर से जानकारी मिली कि छोटे पांजू द्वीप (भायंदर खाड़ी) पर तुषार महेश पाटिल नाम का व्यक्ति अवैध रूप से देसी शराब बना रहा है।
टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए छोटे पांजू द्वीप पर छापा मारा। मौके पर, तुषार महेश पाटिल (उम्र 34) को शराब बनाने के उपकरण और सामग्री के साथ पकड़ा गया।
इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस ने 90 लीटर तैयार देसी शराब, 200 लीटर की क्षमता वाले 119 नीले और सफेद ड्रमों में भरी 23,800 लीटर वॉश, और अन्य सामग्री जब्त की। इस कार्रवाई में जब्त किए गए माल की कुल कीमत 12 लाख 90 हजार है। यहां भी, शराब के नमूने लेने के बाद, बाकी सारा माल मौके पर ही नष्ट कर दिया गया। दोनों मामलों में गिरफ्तार किए गए आरोपी मालजीपाड़ा, वसई पूर्व के रहने वाले हैं। इन दोनों के खिलाफ महाराष्ट्र मद्य निषेध अधिनियम के तहत नायगांव पुलिस स्टेशन में दो अलग-अलग मामले दर्ज किए गए हैं।
यह बड़ी कार्रवाई पुलिस आयुक्त निकेत कौशिक, अपर पुलिस आयुक्त दत्तात्रेय शिंदे, पुलिस उपायुक्त संदीप डोईफोडे, और सहायक पुलिस आयुक्त मदन बल्लाल के मार्गदर्शन में की गई। इस सफल ऑपरेशन में पुलिस निरीक्षक अविराज कुराडे, उपनिरीक्षक संतोष घाडगे और उनकी टीम के अन्य सदस्य शामिल थे।
