अनिल मिश्रा / उल्हासनगर
उल्हासनगर के इर्द-गिर्द नकली सीमेंट का कारोबार शुरू हो गया है। नकली सीमेंट कारोबारियों के खिलाफ शिकायत मिलने पर पुलिस ने तीसरी जगह पर धरपकड़ की कार्रवाई की है। इस कार्रवाई में करोड़ों रुपए का नकली सीमेंट जप्त किया गया है। हिल लाइन पुलिस के मुताबिक, अंबरनाथ ग्रामीण में नेवाली नाका के पास पुलिस ने तीन आरोपियों को अलग-अलग कंपनियों की बोरियों में घटिया सीमेंट भरकर बेचने की तैयारी करते रंगे हाथ पकड़ा है। आरोपियों के खिलाफ ग्राहकों और सीमेंट कंपनियों से धोखाधड़ी करने का मामला दर्ज कर आगे की जांच जारी है।
बता दें कि ब्रांडेड कंपनी की बोरी में पत्थर का पावडर या खराब सीमेंट मिलाकर बेचनेवाले सौदागर धड़ल्ले से यह गोरखधंधा कर रहे हैं। इस नकली सीमेंट से बन रही इमारतें जर्जर हो रही हैं। सूत्रों की मानें तो नकली सीमेंट का उपयोग ज्यादातर सरकारी निर्माण कार्यों में राजनीतिक लोगों द्वारा सरकारी अधिकारियों की मिलीभगत से किया जाता है, जिसके कारण उक्त निर्माण कुछ ही समय में जर्जर हो जाते हैं।
४ नवंबर २०२५ की रात करीब १२.३० बजे भालपाड़ा गार्डन नेचर होटल के पीछे नेवाली चौराहे के पास यह मामला सामने आया। जहां आरोपी सुरेश कुमार रविकिरण चर्मकार (४०), धर्मेंद्र कुमार बाबूलाल चर्मकार (४५) और अनिल रामबचन राम अंबुजा सीमेंट, अल्ट्राटेक, अडानी एसीसी जैसी कंपनियों की बोरी में खराब सीमेंट भरकर बेचते थे। पुलिस सिपाही जयेश देवीदास पाटील (हिललाइन पुलिस स्टेशन) की शिकायत पर तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
२ ट्रक सीमेंट सहित धराया भाजपा कार्यकर्ता
इसी प्रकार हाल ही में टिटवाला पुलिस ने म्हारल गांव के एक म्हात्रे नामक भाजपा कार्यकर्ता को दो ट्रक मिलावटी सीमेंट के साथ गिरफ्तार किया। तीसरी घटना कल्याण के कोलसेवाड़ी की है। कोलसेवाडी पुलिस स्टेशन में भी इस बीच मिलावटी सीमेंट बरामद होने का मामला दर्ज किया जा चुका है।
