-आरोपी को २२ नवंबर तक पुलिस हिरासत
-पीएमओ का फर्जी सचिव बनकर कार्यक्रम में घुसा
जेदवी / मुंबई
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की सुरक्षा में भी लापरवाही नजर आई है। एक व्यक्ति दिल्ली मंत्रालय का फर्जी आई कार्ड लेकर उनके काफिले में शामिल हो गया। हालांकि, बाद में जनक में हुए खुलासे में उसे गिरफ्तार कर लिया गया। इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें २२ नवंबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। यह मामला सुरक्षा में एक बड़ी चूक माना जा रहा है और पुलिस गहनता से इसकी जांच कर रही है। महाराष्ट्र के छत्रपति संभाजीनगर में पीएमओ का फर्जी सचिव बनकर एक शख्स मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में घुस गया। हैरानी की बात ये है कि उसने स्वागत समारोह में भी हिस्सा लिया।
यह घटना रविवार १६ नवंबर को वालुज इलाके के तिसगांव में एक भव्य शादी समारोह में हुई, जहां मुख्यमंत्री एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे। उसी दौरान खुद को पीएमओ का सचिव बताने वाले एक शख्स और उसके एक साथी को हिरासत में ले लिया गया है। पुलिस के मुताबिक, गिरफ्तार किए गए मुख्य आरोपी की पहचान अशोक भारत थोम्ब्रे के रूप में हुई है, जबकि उसके साथी विकास प्रकाश पांडागले को भी पकड़ा गया है।
पुलिस को उस पर शक हुआ और जब उससे पूछताछ की गई, तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। उसके सूटकेस में ‘भारत सरकार’ जैसे मराठी और अंग्रेजी अक्षर और राष्ट्रीय ध्वज मिला। पीएमओ सचिव बनकर घूम रहे फर्जी व्यक्ति और उसके एक साथी के खिलाफ मामला दर्ज कर हिरासत में लिया गया है। दोनों को स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें २२ नवंबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।
इस खबर के सामने आने के बाद लोग भी हैरान हैं और उनका कहना है कि आखिर ऐसे लोगों को हिम्मत कहां से आती है, जिसमें वह फर्जी अधिकारी बनकर मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में पहुंच गए और स्वागत समारोह में भी हिस्सा ले लिया। गनीमत ये रही कि पुलिस ने समय रहते इस फर्जी अधिकारी को दबोच लिया।
