-शरद पवार, उद्धव ठाकरे, राज ठाकरे समेत कांग्रेस और वाम दल के नेता करेंगे नेतृत्व
-फैशन स्ट्रीट से होगी शुरुआत, मनपा मुख्यालय के सामने समापन
सामना संवाददाता / मुंबई
मतदाता सूचियों में भारी गड़बड़ी और मतचोरी के विरोध में एक नवंबर को मुंबई में एक सर्वदलीय विराट मोर्चा निकाला जाएगा। इस मोर्चे की जोरदार तैयारियां चल रही हैं। इस मोर्चे में राज्यभर से लाखों नागरिक शामिल होंगे। इस मोर्चे का नेतृत्व राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के अध्यक्ष शरद पवार, शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे, मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे समेत कांग्रेस के वरिष्ठ नेता तथा वामपंथी दलों के नेता करेंगे। मोर्चे की योजना को लेकर कल सभी दलों की एक संयुक्त बैठक हुई, जिसके बाद पत्रकार परिषद में विस्तृत जानकारी दी गई।
यह बैठक मंत्रालय के सामने स्थित यशवंतराव चव्हाण सेंटर में हुई। इसमें मोर्चे की तैयारियों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में उद्धव ठाकरे, राज ठाकरे, राष्ट्रवादी के प्रदेशाध्यक्ष शशिकांत शिंदे, युवासेनाप्रमुख आदित्य ठाकरे, जितेंद्र आव्हाड, कांग्रेस नेता नसीम खान और सचिन सावंत, कम्युनिस्ट पार्टी के कॉमरेड प्रकाश रेड्डी, शेकाप के जयंत पाटील, शिवसेना सांसद अनिल देसाई, विधायक एड. अनिल परब, मनसे नेता बाला नांदगावकर, नितीन सरदेसाई, शिवसेना सचिव मिलिंद नार्वेकर और साईनाथ दुर्गे उपस्थित थे। बैठक लगभग डेढ़ घंटे चली। बैठक के बाद आयोजित संयुक्त पत्रकार परिषद में बताया गया कि निर्वाचन आयोग के लापरवाह रवैये, मतदाता सूची में गड़बड़ी और चुनावों में अनियमितताओं के खिलाफ यह मोर्चा निकाला जा रहा है।
‘सच पता चलना चाहिए’
शिवसेना विधायक अनिल परब ने कहा कि जनता को चुनावी गड़बड़ियों का सच पता चलना चाहिए और असत्य उजागर होना चाहिए इसलिए महाविकास आघाड़ी के सभी दल, मनसे और जिन मतदाताओं को लगता है कि उनका वोट चोरी हुआ है, वे लाखों की संख्या में इस मोर्चे में शामिल होंगे।
-मनसे के सम्मेलन में लाइव डेमो
-वीवीपैट के काले शीशे के पीछे
-होता है वोट चोरी का खेल!
मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे ने कल बांद्रा स्थित रंगशारदा सभागृह में मनसे के पदाधिकारियों का एक सम्मेलन आयोजित किया। इस सम्मेलन में राज ठाकरे ने दो विशेषज्ञों को आमंत्रित किया था। ईवीएम और वीवीपैट में सॉफ्टवेयर का उपयोग करके किस प्रकार फर्जी मतदान किया जा सकता है, इसका लाइव डेमो दिखाया गया।
अमित उपाध्याय और यक्षित पटेल नामक इन दोनों विशेषज्ञों ने वोट चोरी वैâसे की जा सकती है, इसका प्रदर्शन किया। उन्होंने विस्तार से बताया कि अगर चुनाव आयोग द्वारा भी इस प्रकार के सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया जाता है तो फर्जी मतदान संभव है।
इस प्रदर्शन का जिक्र करते हुए राज ठाकरे ने कहा कि मैं २०१७ से यही चीख-चीख कर कहते आ रहा हूं। तब राजनीतिक दलों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया। मतदाता सूचियों के साथ-साथ ईवीएम की अनदेखी करके नहीं चला जा सकता। लोग हमें ही वोट दे रहे हैं, लेकिन इन्हीं सब पेचीदगियों की वजह से हमें हार का सामना करना पड़ता है। मैं कोई बहाना नहीं बना रहा, बल्कि पूरा देश इसकी चिंता कर रहा है। इसी प्रक्रिया के जरिए ये लोग सत्ता में आते हैं और मनमानी करते हैं। हम बस इतना कह रहे हैं कि मतदाता सूचियों में सुधार करो। सुधार होने के बाद चुनाव में जिसकी जीत होगी, वह मुझे मंजूर है। लेकिन इन सभी बातों को छिपाकर चुनाव कराने का सिलसिला चल रहा है। मैच फिक्स है। मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे ने आह्वान करते हुए कहा कि आने वाले एक नवंबर का मोर्चा जबरदस्त होना चाहिए। महाराष्ट्र में क्या आग धधक रही है, यह दिल्ली को दिखाई देना चाहिए।
तोड़ देंगे नमो टूरिज्म सेंटर
मनसे प्रमुख राज ठाकरे ने उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर कड़ा हमला बोलते हुए कहा कि इन्होंने कितना स्वाभिमान गिरवी रखा इसकी कोई सीमा नहीं है। उन्होंने शिंदे के पर्यटन विभाग द्वारा जारी एक जीआर का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि ये जो कर रहे हैं, अगर सुनोगे तो पैरों में धधकती आग सिर तक चली जाएगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ७५वें जन्मदिन के नाम पर पर्यटन विभाग शिवनेरी, रायगढ और राजगढ़ पर ‘नमो टूरिज्म सेंटर’ शुरू कर रहा है। वहां सिर्फ उन्हीं का नाम चलेगा। अगर इस तरह के केंद्र बनाए गए तो हम उन्हें तोड़ देंगे। उन्होंने एकनाथ शिंदे पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘मुझे मुख्यमंत्री बनाओ’ के लिए ये कितनी लाचारी दिखाएंगे? शायद प्रधानमंत्री को भी इसकी जानकारी न हो। ये लोग नीचे क्या-क्या चाटुकारिता कर रहे हैं।
