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झांसी में 100 करोड़ की ऑनलाइन सट्टेबाजी का मास्टरमाइंड भाजपा नेता गिरफ्तार!

आशीष उपाध्याय किसान मोर्चा का क्षेत्रीय कोषाध्यक्ष बनाया गया था

मनोज श्रीवास्तव/लखनऊ
झांसी में एक अरब रुपये के ऑनलाइन सट्टा मामले में झांसी पुलिस ने वांछित भाजपा किसान मोर्चा के कोषाध्यक्ष एवं सहकारिता बैंक निदेशक आशीष उपाध्याय को दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया। वह दिल्ली में अपने एक परिचित के यहां शरण लिए हुए था। लोकेशन मिलने पर झांसी पुलिस दिल्ली पहुंची। शुक्रवार देर रात पुलिस उसे गिरफ्तार कर झांसी लाई। यहां उससे पूछताछ की जा रही है।

नवाबाद पुलिस ने बुधवार को एक बड़े सट्टा गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तिलयानी बजरिया निवासी शुभम उपाध्याय, सिंधी कॉलोनी निवासी विजय बाधवा और बड़ागांव गेट निवासी नितिन अग्रवाल को गिरफ्तार किया था। उनसे पूछताछ के बाद पुलिस को भाजपा नेता आशीष उपाध्याय समेत पार्षद पति पप्पू यादव निवासी उन्नाव गेट, पंकज राय, सौरभ लिखधारी, सोनू चड्ढा, हरीश कुमार, आकाश चंचलानी, सुमित साहू और रोशन मुंशी के नाम मिले। इसके बाद आशीष भूमिगत हो गया और पुलिस उसकी तलाश में जुट गई।

एसओजी और सर्विलांस टीम उसे तलाश रही थी। कुछ नंबरों पर आशीष लगातार बात कर रहा था, जिससे पुलिस को उसका सुराग मिल गया। देर रात आशीष को नवाबाद थाने लाया गया।

एसएसपी बीबी जीटीएस मूर्ति ने बताया कि मामले के अन्य पहलुओं की जांच के लिए आरोपी से पूछताछ की जा रही है। अन्य वांछितों की तलाश जारी है। गिरफ्तार सटोरियों की संपत्ति कुर्क करने के लिए पुलिस चल-अचल संपत्ति की सूची तैयार कर रही है। अभी तक 500 करोड़ रुपये से अधिक की चल-अचल संपत्ति का पता चला है। सबसे अधिक संपत्ति शुभम, विजय और नितिन की बताई जा रही है, जिनके पास करीब 200 करोड़ रुपये की संपत्ति है।

इसी तरह बृजेंद्र राजपूत, हरेंद्र परिहार उर्फ लल्ला, दिलीप सिंह उर्फ विजय, नीरज निरंजन, विवेक यादव, आशीष उपाध्याय, निशांत यादव, धर्मेंद्र साहू समेत अन्य सटोरियों की संपत्ति का भी पता लगाया गया है। पुलिस वांछितों की संपत्ति का ब्योरा भी खंगाल रही है और उसे कुर्क करने की कार्रवाई करेगी।

ऑपरेशन-720 के तहत पुलिस सटोरियों की धरपकड़ के साथ-साथ उनके खिलाफ संगठित अपराध के तहत कार्रवाई कर रही है। इसके लिए बीएनएनएस की धारा 107 का सहारा लिया जा रहा है, जिसके तहत अपराध से अर्जित संपत्ति कुर्क की जा सकती है।

शुभम, विजय बाधवा और नितिन अग्रवाल के पास 200 करोड़ से अधिक की संपत्ति का पता चला है। देर रात गिरफ्तार आशीष उपाध्याय की संपत्ति की भी जांच की जा रही है। पार्षद पति पप्पू यादव, पंकज राय, सौरभ लिखधारी, सोनू चड्ढा, हरीश कुमार, आकाश चंचलानी, सुमित साहू और रोशन मुंशी का भी सट्टा गिरोह से संबंध पाया गया है।

इनकी संपत्तियों की भी जांच चल रही है। एसएसपी ने कहा कि संगठित अपराध से अर्जित संपत्तियों की पहचान कर उन्हें कुर्क किया जाएगा।

शुभम उपाध्याय की गिरफ्तारी के बाद आशीष उपाध्याय फरार हो गया था। उसने अपने सभी मोबाइल नंबर बंद कर दिए थे। पुलिस ने कई स्थानों पर दबिश दी, लेकिन वह नहीं मिला। वह ग्वालियर के रास्ते दिल्ली भाग गया था।

दिल्ली से उसने झांसी में आत्मसमर्पण के लिए याचिका भी दाखिल की थी। सर्विलांस के जरिए पुलिस को उसकी लोकेशन मिलती रही। शुक्रवार को पुलिस ने दिल्ली के चाणक्यपुरी में दबिश देकर उसे गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार शुभम के बैंक खातों की जांच में आशीष उपाध्याय के साथ बड़े पैमाने पर लेनदेन मिला है। सबसे अधिक लेनदेन 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान हुआ, जिसमें एक दिन में करीब 14 लाख रुपये का ट्रांजेक्शन पाया गया। अन्य दिनों में भी दोनों के बीच नियमित लेनदेन होता रहा। पुलिस अब आशीष के अन्य वित्तीय लेनदेन की जांच कर रही है।

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