फिरोज खान
उत्तर प्रदेश के आंबेडकर नगर जिले के एक मकान में चार नाबालिग बच्चों की लाशें पड़ी हुई थीं, जिनकी उम्र १४, १२, १० और ८ साल थी। चारों लाशें घर के अंदर एक बिस्तर पर मिलीं। शक था कि उन्हें पीट-पीटकर मारने से पहले नशीला पदार्थ दिया गया था। पुलिस ने चारों बच्चों की लाशें कब्जे में लेकर पंचनामा शुरू किया ही था कि खबर मिली कि पास के नाले में एक महिला की लाश पड़ी हुई है। लाश की शिनाख्त करने पर पता चला मृतक महिला उन चार बच्चों की मां है, जिनकी कमरे में लाशें मिली हैं। शुरू में पुलिस को शक था कि इन हत्याओं के पीछे महिला का हाथ है, क्योंकि महिला कुछ दिनों से परेशान थी, जब उसे पता चला कि उसके पति ने एक पाकिस्तानी औरत से शादी कर ली है, जहां वह काम करता था। पुलिस का शक तब गलत साबित हुआ, जब पता चला कातिल कोई और है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में पता चला महिला की मौत एंटी-मॉर्टम चोटों की वजह से हुई थी, उसके सिर पर चोट लगी थी, शक है कि किसी नुकीली चीज से चोट लगी होगी। पुलिस यह पता करने में जुट गई कि बच्चे और महिला की हत्या किसने और क्यों की? आसपास के लोगों से पूछताछ करने पर पुलिस के हाथ एक अहम सुराग लगा। मृतक महिला के पड़ोसी के हत्या में शामिल होने का पता चला, जो उनके घर अक्सर आता-जाता था। पुलिस ने आगे कहा कि पड़ोसी का क्रिमिनल रिकॉर्ड था और उसके खिलाफ हत्या, रेप के केस दर्ज थे। और वह करीब पांच महीने पहले जेल से रिहा हुआ था। पुलिस ने उसका पता लगाने की कोशिश शुरू की तो मालूम हुआ आरोपी अफजलपुर गांव में है। जब अधिकारियों ने उसे पकड़ने की कोशिश की, तो पुलिस ने दावा किया कि आरोपी ने कथित तौर पर गोली चला दी। पुलिस ने खुद के बचाव में जवाबी गोली चलाई, जिससे आरोपी घायल हो गया। मुठभेड़ में दो पुलिसवाले, एक सब-इंस्पेक्टर और एक कांस्टेबल भी घायल हो गए। सभी को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां आरोपी को मृत घोषित कर दिया गया। पुलिस ने दावा किया कि जब उन्होंने बॉडी की तलाशी ली, तो उन्हें उसकी जेब से मृतक महिला की पीली बालियां और चांदी की पायल मिलीं। पुलिस ने बताया कि आरोपी ने बच्चों को मार डाला और महिला को घर से बाहर खींचकर ले गया, जो एक सुनसान इलाके में है और उसकी हत्या कर दी। बाद में उसने उसकी बॉडी एक नाले में फेंक दी। उन्होंने कहा कि मामले की जांच चल रही है।
