– सबूत मिटाने के लिए शव को किया आग के हवाले
– पुणे की घटना ने सभी को हिला डाला
महाराष्ट्र के पुणे जिले से एक ऐसी घटना सामने आई है, जिसने मानवीय संवेदनाओं को झकझोर कर रख दिया है। दौंड तालुका के देउलगांव राजे गांव में एक पिता ने अपनी ही ९ साल की बेटी की सिर्फ इसलिए हत्या कर दी क्योंकि उसने अपने सौतेले भाई की मार्कशीट के साथ छेड़छाड़ की थी। यह घटना समाज में बढ़ते परफॉर्मेंस प्रेशर और हिंसक व्यवहार के खतरनाक स्तर को दर्शाती है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने लकड़ी काटने वाले कटर से बच्ची के गले पर वार किया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद उसने सबूत मिटाने के लिए शव को कपड़े में लपेटकर आग के हवाले कर दिया।
पुलिस जांच के अनुसार, बच्ची कक्षा में दूसरे स्थान पर आई थी जबकि उसका सौतेला भाई पहले स्थान पर रहा। इस बात से आहत होकर बच्ची ने कथित तौर पर मार्कशीट में बदलाव किया, जो उसके पिता की नाराजगी और फिर क्रूर हत्या का कारण बना। आरोपी ने न केवल हत्या की बल्कि साक्ष्यों को मिटाने के लिए शव को जलाने की कोशिश भी की जो उसकी अपराधी प्रवृत्ति को उजागर करता है। मृतका क्लास में दूसरे स्थान पर आई थी और उसने अपने पहले स्थान पर आने वाले सौतेले भाई की मार्कशीट में कथित तौर पर बदलाव कर दिया था। मार्कशीट में बदलाव की बात पता चलने पर आरोपी पिता शांताराम दुर्योधन चव्हाण आगबबूला हो गया और उसने लकड़ी काटने वाली मशीन से बच्ची पर हमला कर दिया जिससे उसकी मौत हो गई। फिलहाल, पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि घटना के पीछे और कोई कारण तो नहीं है। गांव में इस घटना के बाद सन्नाटा पसरा हुआ है और लोग इस दर्दनाक घटना से स्तब्ध हैं।
आरोपी की पत्नी के खिलाफ केस दर्ज
इस मामले में पुलिस ने आरोपी की पत्नी के खिलाफ भी केस दर्ज किया है। उस पर आरोप है कि उसने घटना की जानकारी होने के बावजूद पुलिस को इसकी सूचना नहीं दी। फिलहाल पुलिस ने दोनों को हिरासत में ले लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है।
