मुख्यपृष्ठनए समाचारनम आांखो से नेवी के जवान को दी अंतिम विदाई

नम आांखो से नेवी के जवान को दी अंतिम विदाई

सामना संवाददाता / झुंझुनू

राजंस्थान में झुंझुनू जिले सूरजगढ़ क्षेत्र के घरडू गांव निवासी नेवी के जवान कुलदीप दिवाच (27) की मुंबई में हादसे में मौत हो गई। कुलदीप दिवाच की पोस्टिंग मुंबई में थी। 6 जुलाई की सुबह 8 बजे वह स्कूटी से ड्यूटी जा रहे थे। इस दौरान तेज अंधड़ से एक पेड़ टूटकर उन पर गिर गया। हादसे में कुलदीप गंभीर रूप से घायल हो गए। 9 जुलाई को इलाज के दौरान मुंबई में उनका निधन हो गया।
गुरुवार को लेफ्टिनेंट कमांडर रजत तोमर के नेतृत्व में दिल्ली और मुंबई से भारतीय नौसेना के जवानों की एक टुकड़ी विशेष वाहन से दिल्ली से पार्थिव देह लेकर सूरजगढ़ पहुंची थी। शुक्रवार सुबह सूरजगढ़ थाने से जवान कुलदीप के पैतृक गांव तक 3 किलोमीटर लंबी तिरंगा यात्रा निकाली गई। रास्ते भर में जवान के अंतिम दर्शनों के लिए सामाजिक संगठनों के लोगों, स्कूली बच्चे और आमजन पहुंचे।
गांव से श्मशान घाट तक नेवी बैंड के साथ अंतिम यात्रा निकाली गई। श्मशान घाट पर जवान को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। दोपहर करीब 1 बजे बड़े भाई प्रदीप ने मुखाग्नि दी। सूरजगढ़ विधायक श्रवण सिंह ने बताया कि आज 10 जुलाई को ही कुलदीप का जन्मदिन है। 10 जुलाई को ही उनका नेवी में सिलेक्शन हुआ था और आज अन्तिम संस्कार भी 10 जुलाई को ही हुआ है। हमें कुलदीप पर गर्व है।
जवान का शव शुक्रवार सुबह उनके घर लाया गया। शव देखते ही मां, पत्नी और भाई फूट-फूट कर रोने लगे। 18 माह की बच्ची को पिता के अंतिम दर्शनों के लिए लाया गया तो पत्नी ने कहा कि बेटी बुला रही है लौट आओ। इसके बाद पत्नी रोते-रोते बेसुध हो गई। यह देख वहां मौजूद सभी लोगों की आंखें नम हो गईं। कुलदीप का आज जन्मदिन था। 10 जुलाई को ही वह नेवी में भर्ती हुए थे।
जवान कुलदीप दिवाच का 10 जुलाई 1999 को जन्म हुआ था। उन्होंने 2018 में भारतीय नौसेना में अपनी सेवा शुरू की थी। कुलदीप भारतीय नौसेना में लीडिंग एयर ऑर्डनेंस मैकेनिक के पद पर कार्यरत थे। वे हवाई जत्था 330 भारतीय नौसेना पोत शिकरा पर तैनात थे। यह भारतीय नौसेना की एविएशन (विमानन) शाखा में एक नॉन-कमीशन ऑफिसर (नाविक-सेलर) का पद या रैंक है जो विमानों के हथियारों और गोला-बारूद के रखरखाव से जुड़ा होता है। कुलदीप दिवाच अपने पीछे मां सुभीता देवी, पत्नी, 18 माह की बेटी और बड़े भाई प्रदीप को छोड़ गए हैं। उनकी मां और पत्नी गृहिणी हैं। जबकि बड़े भाई प्रदीप भारतीय वायुसेना में कार्यरत हैं।

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