सुरेश गोलानी / मुंबई
अदानी इलेक्ट्रिक मुंबई लिमिटेड (एईएमएल) ने बिजली चोरी के आरोप में दो लोगों के खिलाफ भारतीय विद्युत अधिनियम, २००३ की धारा १३५ के तहत काशीगांव और भायंदर पुलिस थाने में मामला दर्ज किया है। पहले मामले में एईएमएल से जुड़े सतर्कता विभाग के वरिष्ठ व्यवस्थापक मिहिर आफले और उनकी टीम ने स्थानीय पुलिस की उपस्थिति में काशीमीरा स्थित आतिक आर्वेâड नामक इमारत के ९ फ्लैटों में अवैध रूप से चोरी की बिजली का उपयोग करते हुए रंगे हाथ पकड़ा। बिल का भुगतान न करने के कारण ऑटोमैटिक डिसकनेक्ट मीटर की तारों से डायरेक्ट बिजली की सप्लाइ की जा रही थी। पिछले १० महीनों में १५,६७३ यूनिट बिजली चोरी (अंदाजित बिल ४.४२ लाख रुपये) करने के आरोप में मंजूर मालवी नामक व्यक्ति के खिलाफ काशीगांव पुलिस थाने में मामला दर्ज कर लिया है। दूसरा मामला भायंदर पश्चिम स्थित न्यू सरोज इमारत का है, जहां उपभोक्ता जयंती पताड़िया ने कथित रूप से फेज और न्यूट्रल वायर का उपयोग करके मीटर को बाईपास कर अवैध तरीके से १५,६७३ यूनिट बिजली चोरी (अंदाजित बिल २.५० लाख रुपए) को अंजाम दिया। भारतीय विद्युत अधिनियम, २००३ की धारा १३५ के तहत बिजली चोरी एक गंभीर गैर-जमानती अपराध है। इस धारा के तहत दोष सिद्ध होने पर मामले की गंभीरता के अनुसार कारावास और भारी जुर्माना दोनों हो सकते हैं।
