राजेश सरकार / प्रयागराज
यमुनानगर के नैनी स्टेशन रोड पर उस समय हड़कंप मच गया और चारों तरफ अफरा-तफरी फैल गई, जब बारावफात के मुकद्दस जुलूस के दौरान एक घोड़ा अचानक बिदक गया। देखते ही देखते शांतिपूर्ण ढंग से आगे बढ़ रहे जुलूस में भगदड़ मच गई। अचानक हुए इस हादसे में बाइकों से टकराकर घोड़ा लहूलुहान हो गया, जबकि दुकान संबंधी प्रपत्रों की फोटो कॉपी कराने निकले पूर्णिमा मेडिकल स्टोर हनुमान नगर नैनी निवासी फतेह बहादुर कुशवाहा पुत्र स्व. सीताराम कुशवाहा को बेकाबू घोड़े ने कुचल दिया जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि घोड़ा यहीं पर नहीं रुका बल्कि बिदकते हुए सर्वेश्वर महादेव मंदिर की तरफ चला गया जहाँ कुछ लोगों को कुचल दिया। उनको भी चोटें आई हैं।
लापरवाही पड़ी भारी, किशोर के गिरते ही बेकाबू हुआ घोड़ा
चश्मदीदों के मुताबिक जुलूस में एक घोड़ा अचानक बिदक गया। नैनी स्टेशन रोड पर अचानक किसी वजह से घोड़ा बिदका और उसने उछल-कूद शुरू कर दी। इसके बाद बेकाबू हुआ घोड़ा भीड़ के बीच ही इधर-उधर सरपट दौड़ने लगा। विशालकाय बेजुबान को अपनी तरफ आता देख सड़क पर मौजूद लोग बचने को सुरक्षित जगह की ओर दौड़े। जान बचाने की होड़ लग गई और मौके पर चीख-पुकार के साथ भगदड़ मच गई।
मुस्तैद पुलिस ने सूझबूझ से टाला बड़ा हादसा
भगदड़ मचते ही मौके पर तैनात पुलिस महकमा तुरंत हरकत में आया। कुछ लोगों ने जान की बाजी लगाते हुए सूझबूझ का परिचय दिया और बेकाबू घोड़े को भीड़ से अलग करते हुए पास की गली की तरफ मोड़ दिया।
गली में खड़े वाहनों से टकराकर लहूलुहान हुआ घोड़ा
भीड़ से निकलकर जैसे ही घोड़ा संकरी गली में घुसा, वहां पहले से ही बड़ी संख्या में मोटरसाइकिलें और अन्य वाहन पार्क थे। बेकाबू रफ्तार में दौड़ रहा घोड़ा इन वाहनों से जोरदार तरीके से टकरा गया। वाहनों की टक्कर और लोहे के पार्ट्स चुभने की वजह से बेजुबान घोड़ा बुरी तरह लहूलुहान हो गया। हादसे के बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय प्रशासन अब मामले की जांच कर रहा है कि जुलूस में घोड़ा दौड़ाने की अनुमति किसने दी थी। वही गंभीर रूप से घायल फतेह बहादुर कुशवाहा का इलाज चल रहा है।
