हजारों युवाओं का तिरंगे की साक्षी में एक सुर में राष्ट्रगान
विद्यार्थियों, अभिभावकों, युवक-युवतियों और नागरिकों की भारी भीड़
पोस्टर और नारों के जरिए भाजपा सरकार का कड़ा विरोध
सामना संवाददाता / मुंबई
‘नीट’ पेपर लीक मामले में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर देशभर में छात्रों और युवाओं का आंदोलन जारी है। शिवतीर्थ, यानी छत्रपति शिवाजी महाराज पार्क पर भी युवाओं ने देशभक्ति का तूफान खड़ा कर दिया। हजारों युवाओं ने तिरंगे की साक्षी में एक सुर में राष्ट्रगान गाकर देश और देश के भविष्य पर आए संकट को एकजुट होकर दूर करने का संकल्प लिया। छात्र, अभिभावक, युवक-युवती, नागरिक और फिल्मी कलाकार बड़ी संख्या में हाथों में तिरंगा लेकर शामिल हुए। इस अवसर पर पोस्टर और नारों के जरिए भाजपा सरकार, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और धर्मेंद्र प्रधान का कड़ा विरोध किया गया।
शिवसेना नेता, युवासेनाप्रमुख व विधायक आदित्य ठाकरे ने इस तिरंगा आंदोलन के लिए युवाओं से आह्वान किया था। उन्होंने कहा था कि कोई भी राजनीतिक झंडा न लाएं, केवल राष्ट्रध्वज तिरंगा लेकर इस आंदोलन में शामिल हों। उनके आह्वान पर शिवतीर्थ पर मांसाहेब मीनाताई ठाकरे की प्रतिमा के समक्ष हजारों युवा हाथों में तिरंगा लिए ‘भारत माता की जय…’, ‘वंदे मातरम…’ जैसे जोरदार नारे लगाते हुए पहुंचे।
आदित्य ठाकरे और अमित ठाकरे के आंदोलन स्थल पर पहुंचते ही सभी ने तालियों की गड़गड़ाहट से उनका स्वागत किया। इस दौरान ‘छत्रपति शिवाजी महाराज की जय…’, ‘जय भवानी, जय शिवाजी…’ जैसे नारों से पूरा परिसर गूंज उठा। जब आदित्य ठाकरे ने हाथ में तिरंगा लेकर लहराया तो युवाओं की भीड़ ने भी उत्साह के साथ अपने हाथों के तिरंगे झंडे ऊंचे उठाकर प्रतिक्रिया दी।
नेताओं के साथ अभिनेताओं ने भी बढ़ाया युवाओं का उत्साह
राजनीतिक नेताओं के साथ-साथ फिल्मी अभिनेताओं ने भी इस आंदोलन में उपस्थित होकर युवा पीढ़ी का उत्साह बढ़ाया। शिवसेना नेता व सांसद संजय राऊत, अनिल देसाई, विधायक अनिल परब, अंबादास दानवे, शिवसेना सचिव व नगरसेवक साईनाथ दुर्गे, विधायक महेश सावंत, वरुण सरदेसाई, प्रियंका चतुर्वेदी, मुंबई युवा कांग्रेस की अध्यक्षा जीनत शबरीन के साथ-साथ अभिनेता मकरंद देशपांडे और अतुल कुलकर्णी ने भी इस आंदोलन में तिरंगा लहराकर युवाओं का आत्मविश्वास बढ़ाया।
अभिजीत दीपके को लगाया फोन… ‘इस्तीफा लेकर ही आना’
आदित्य ठाकरे ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे अभिजीत दीपके को इस दौरान सभी प्रदर्शनकारियों के सामने फोन लगाया। आदित्य ठाकरे ने बताया कि यहां मुंबई में भी दिल्ली जितनी ही युवाओं की भीड़ जुटी है। इस पर दीपके ने आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उद्धव ठाकरे पहले दिन से ही सोनम वांगचुक और हमारे आंदोलन के पीछे मजबूती से खड़े रहे हैं; वे लगातार कह रहे हैं कि यह देश और युवाओं का मुद्दा है। दीपके ने जब जानकारी दी कि सरकार ने देशभर के केस वापस लेने का आश्वासन दिया है और कल फिर चर्चा के लिए बुलाया है, तब आदित्य ठाकरे ने कहा, ‘अब इस्तीफा लेकर ही आना, अब सिस्टम बदलना है। यह युवा भारत है… झुकेगा नहीं। ये छोटे युवा बच्चे हैं, आतंकवादी नहीं।’
नौजवानों ने सरकार को बैकफुट पर ला दिया-अमित ठाकरे
महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के नेता अमित ठाकरे ने आंदोलन की सराहना करते हुए कहा कि इस बार नौजवानों ने सरकार को बैकफुट पर ला दिया है। उन्होंने उपस्थित छात्रों और युवाओं से कहा, ‘आपकी आवाज दिल्ली तक पहुंच रही है, आपकी ताकत दिल्ली तक दिख रही है और हम सब आपके फॉलोअर्स बन गए हैं।’ अमित ठाकरे ने आंदोलनकारियों से कहा, ‘मैं यहां भाषण देने नहीं, बल्कि आप लोगों को महसूस करने आया हूं। आपके ऊपर कोई हाथ न उठाए और आप पर कोई केस न दर्ज हो, इसलिए हम यहां आए हैं।’ उन्होंने गर्व व्यक्त करते हुए कहा कि आज आपके कारण देश जाग उठा है, सरकार बैकफुट पर चली गई है और ऐसी दमनकारी सरकार को बैकफुट पर लाने वाले हमारे युवा और युवतियां हैं। इसके साथ ही उन्होंने आंदोलन में शामिल युवाओं से अपील की कि यदि वे अपनी भावनाएं व्यक्त करना चाहते हैं, तो मंच पर आएं।
सरकार के लिए अब शासन करना मुश्किल होगा – संजय राऊत
शिवसेना नेता व सांसद संजय राऊत ने आंदोलन के बाद मीडिया से बात करते हुए प्रतिक्रिया दी, ‘युवाओं का तूफान देशभर में सड़कों पर उतर आया है। अब भाजपा सरकार के लिए शासन करना मुश्किल होगा, आसान नहीं रहेगा।’ उन्होंने चेतावनी देते हुए आगे कहा, ‘सरकार शांत है, लेकिन हम अशांत हैं और रहेंगे।’
