मुख्यपृष्ठनए समाचारमनपा पर लोगों का फूटा गुस्सा ...आवारा कुत्तों और कबूतरों के आश्रय...

मनपा पर लोगों का फूटा गुस्सा …आवारा कुत्तों और कबूतरों के आश्रय का विरोध

स्वास्थ्य खराब होने का सता रहा है डर
सामना संवाददाता / मुंबई
मुलुंड-पूर्व के निवासियों का मनपा द्वारा उनके इलाके में आवारा कुत्तों के लिए आश्रय स्थल बनाने के पैâसले से मनपा पर इसे लेकर गुस्सा देखा जा रहा है। दरअसल, मामले में मुलुंड पूर्व के निवासी मनपा की १,००० आवारा कुत्तों के लिए आश्रय स्थल बनाने को लेकर विरोध कर रहे हैं और ये विरोध इसलिए कर रहे हैं क्योंकि लोगों को डर है कि इससे जन स्वास्थ्य को नुकसान पहुंच सकता है और मोहल्ले का स्वरूप बदल सकता है।
यह विवाद तब और तूल पकड़ गया, जब ७ नवंबर को सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया कि आवारा कुत्तों को स्कूलों, अस्पतालों, बस डिपो और रेलवे स्टेशनों जैसे संस्थागत क्षेत्रों से हटा दिया जाए और नसबंदी व टीकाकरण के बाद उन्हें कहीं और स्थानांतरित कर दिया जाए। मनपा का कहना है कि मुंबई में आवारा कुत्तों की संख्या हजारों में है, लेकिन मौजूदा आश्रय स्थलों में केवल आठ ही हैं, जिनकी क्षमता नगर निगम के अनुसार अपर्याप्त है।
इस योजना का विरोध करनेवालों में से एक, वकील और स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता सागर देवरे ने सवाल उठाया कि मुलुंड को ही ऐसी परियोजनाओं के लिए क्यों चुना जाता है। उन्होंने बताया कि पहले झुग्गी-झोपड़ियों में रहनेवालों के लिए घर बने, फिर कबूतरों के लिए आश्रय और अब कुत्तों के लिए आश्रय, ये सब शहर के एक ही हिस्से में हैं।

अन्य समाचार