उमेश गुप्ता / वाराणसी
काशी हिंदू विश्वविद्यालय में संविदा एवं दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों का अनिश्चितकालीन शांतिपूर्ण धरना बुधवार को 8वें दिन भी जारी रहा। कर्मचारियों ने अपने स्थायीकरण की मांग को लेकर लगातार प्रदर्शन करते हुए विश्वविद्यालय प्रशासन से ठोस निर्णय की अपेक्षा जताई है।
धरनास्थल पर बड़ी संख्या में कर्मचारी मौजूद रहे और सभी ने एक स्वर में कहा कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक उनका आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से किया जा रहा है, जिसमें किसी प्रकार की अव्यवस्था या हिंसा का कोई स्थान नहीं है। कर्मचारियों का कहना है कि वे वर्षों से विश्वविद्यालय में अपनी सेवाएं दे रहे हैं, लेकिन आज तक उन्हें स्थायी दर्जा नहीं मिला है, जिससे उनका भविष्य असुरक्षित बना हुआ है। धरने पर बैठे कर्मचारियों ने यह भी आरोप लगाया कि अब तक विश्वविद्यालय का कोई भी उच्च अधिकारी उनसे वार्ता करने के लिए नहीं आया है। इससे कर्मचारियों में निराशा और असंतोष का माहौल है। उनका कहना है कि यदि प्रशासन जल्द ही उनकी समस्याओं पर ध्यान नहीं देता, तो वे आगे और भी सख्त कदम उठाने को मजबूर होंगे। इसी बीच कांग्रेस के प्रवक्ता वैभव त्रिपाठी धरनास्थल पर पहुंचे और कर्मचारियों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं को गंभीरता से सुना। उन्होंने कर्मचारियों की मांगों की पूरी जानकारी लेते हुए आश्वासन दिया कि इस मुद्दे को उच्च स्तर तक पहुंचाया जाएगा।
