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मुस्लिम वर्ल्ड : शहर ए मक्का छावनी में तब्दील!.. हज २०२६ का आगाज

सूफी खान

लाखों सिर एक साथ झुकेंगे। लाखों हाथ एक साथ दुआओं के लिए उठेंगे। जी हां, दुनिया भर से सऊदी अरब के मक्का पहुंचे मुसलमानों ने एहराम बांध लिया है। एहराम वो सफेद कपड़ा जो बिना सिले हुए होता हैं। इसके साथ ही २५ मई से हज के अरकान शुरू हो जाएंगे। १० लाख से भी ज्यादा मुस्लिम एक अनुशासन के साथ हज के नियमों को पूरा करेंगे। अंग्रेजी वैâलेंडर के मुताबिक, २५ मई से शुरू होकर ३० मई २०२६ तक चलने वाले हज के अरकान यानी नियम या परंपरा इस्लामी वैâलेंडर के आखिरी महीने ‘जिल -हिज्जा’ की ८ तारीख से शुरू होकर १३ तारीख तक चलते हैं।
इस साल का हज सुरक्षा के नजरिए से भी बेहद खास है। वैसे तो हर साल हज के मौके पर सऊदी अरब की सरकार सख्त सुरक्षा इंतजाम करती है। लेकिन ईरान, अमेरिका-इजरायल जंग और इससे पैदा हुए तनाव की वजह से इस साल हज में भी खास एहतियात बरती जा रही है। ४० दिनों की जंग में कई ईरानी मिसाइलें और ड्रोन सऊदी अरब समेत मिडिल ईस्ट के करीब-करीब उन सभी देशों में गिरे थे, जिन्होंने अमेरिका को अपने यहां पनाह दे रखी है।
हज २०२६ के मद्देनजर सऊदी अरब की इंटिरियर और डिफेंस मिनिस्ट्री ने मिनिस्ट्री ऑफ हज एंड उमरा के साथ मिलकर आजमिन ए हज में भरोसा पैदा करने के लिए अपने शानदार और एडवांस सिक्योरिटी बंदोबस्त का प्रदर्शन किया। इस मौके पर इस दौरान हथियारों से लैस कमांडो और किसी भी हालात से निपटने में अहल जवानों ने अपना जज्बा दिखाया।
हज यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सऊदी हुकूमत साल भर तैयारियां करती है। इस बार सऊदी होम या इंटिरियर मिनिस्ट्री ने सोशल मीडिया पर हिफाजती इंतजामों से जुड़े हुए वीडियो जारी किए हैं। जिनमें सऊदी की फोर्सेस और पुलिसवाले मुस्तैद नजर आते हैं। शहर ए मक्का को छावनी में तब्दील कर दिया गया है। मक्का मुकर्रमा से मदीना शरीफ तक जबरदस्त बंदोबस्त है। इतना ही नहीं सिक्योरिटी फोर्सेस ने फ्लैग मार्च को भी अंजाम दिए।
सऊदी अरब के सुरक्षा बलों ने मक्का शहर में हज शुरू होने से ठीक पहले एक बड़ी मिलिट्री परेड का एहतेमाम भी किया था। इस परेड का मकसद इस साल आने वाले हज यात्रियों की भारी भीड़ को कंट्रोल करने और सुरक्षा की तैयारियों को परखना था। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स तो बता रही हैं कि २०२६ के इस हज सीजन में २० से ३० लाख मुसलमानों के शामिल होने की उम्मीद है। ये हर साल होने वाला दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक जमावड़ा है। हज यात्रा न सिर्फ धार्मिक आस्था का केंद्र है, बल्कि यह सऊदी सरकार के लिए आय का एक प्रमुख स्रोत भी है। हज करने आने वालों के ठहरने की व्यवस्था, ट्रांसपोर्ट, तमाम तरह के शुल्क और उपहारों के व्यापार से सऊदी अर्थव्यवस्था को बड़ा रेवेन्यू हासिल होता है। इन लाखों लोगों की सुरक्षित यात्रा और उनके ठहरने को सुविधाजनक बनाने के लिए सुरक्षा बलों को पूरी तरह से सतर्क कर दिया गया है।

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