योगेश कुमार सोनी / दिल्ली
दिल्ली की गर्मी और सर्दी दोनों ही दुनियाभर में मशहूर हैं और लोग इसके भरपूर मजे भी लेते हैं, लेकिन धरातल काम करने वालों की आफत आ जाती है। यदि ट्रैफिक पुलिस के संदर्भ में बात करें तो स्थिति बेहद चुनौतीपूर्ण हो जाती है, लेकिन इसके लिए ट्रैफिक पुलिसकर्मियों को राहत देने के लिए हाईटेक तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। 45 डिग्री तक पहुंचते तापमान और लगातार बढ़ रहे हीट स्ट्रोक के खतरे को देखते हुए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने जवानों के लिए आधुनिक तकनीक वाले “एसी हेलमेट” का ट्रायल शुरू किया है।
दिल्ली की सड़कों और व्यस्त चौराहों पर घंटों खड़े रहकर ट्रैफिक संभालने वाले पुलिसकर्मियों के लिए किसी चुनौती से कम नहीं है। तेज धूप, गर्म हवा, प्रदूषण और भारी ट्रैफिक के बीच ड्यूटी करने से कई बार पुलिसकर्मी डिहाइड्रेशन, थकावट और हीट स्ट्रोक के शिकार हो जाते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने एक विशेष पायलट प्रोजेक्ट शुरू किया है। इसके तहत जवानों को सोलर-असिस्टेड एसी हेलमेट, बैटरी से चलने वाले पोर्टेबल फैन, कूलिंग फैन और इमरजेंसी हाइड्रेशन सपोर्ट जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। अधिकारियों के अनुसार, यह हेलमेट बैटरी से चलने वाले तापमान नियंत्रित सिस्टम से लैस है, जो सिर के आस-पास ठंडी हवा का प्रवाह बनाए रखता है। एक बार चार्ज होने के बाद यह लगभग 4–5 घंटे तक काम कर सकता है।
फिलहाल, ट्रायल के तौर पर 10–12 पुलिसकर्मियों को यह हेलमेट दिया गया है। यदि इसका परिणाम सकारात्मक रहता है तो भविष्य में और अधिक हेलमेट खरीदे जाने की योजना है।
अधिकारियों का कहना है कि यह पहल केवल आराम देने के लिए नहीं, बल्कि जवानों की कार्यक्षमता और स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
