-शिंदे गुट के शहरप्रमुख राजू भोईर का सवाल
-अपनी करतूतों के लिए क्यों कर रहे हो पार्टी को बदनाम?
सुरेश गोलानी / मुंबई
मीरा-भायंदर में भाजपा और शिंदे गुट के बीच चल रही अंदरूनी लड़ाई थमने का नाम नहीं ले रही है। गठबंधन में शामिल होने के बावजूद दोनों दलों के स्थानीय नेताओं के बीच का तनाव अब सीधे मुख्यमंत्री के दरबार तक पहुंच गया है। शिंदे गुट के जिलाप्रमुख राजू भोईर ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को एक पत्र लिखकर स्थानीय भाजपा विधायक नरेंद्र मेहता के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। भोईर ने आरोप लगाया है कि गंभीर आपराधिक और निजी आरोपों से घिरे विधायक मेहता खुद को बचाने के लिए पीएम मोदी और पार्टी के निशान को ढाल बना रहे हैं। इस पत्र में राजू भोईर ने साफ कहा कि विधायक नरेंद्र मेहता, भाई विनोद मेहता और उनकी निजी कंपनी ‘सेवन इलेवन’ पर रंगदारी और जमीन हड़पने जैसे कई संगीन आरोप लग रहे हैं। यहां तक की प्रधानमंत्री के बचपन के दोस्त और स्कूल के साथी असगर अली वोरा की मीरा रोड स्थित जमीन पर कब्जा करने का आरोप बीजेपी विधायक नरेंद्र मेहता की कंपनी ‘सेवन इलेवन कंस्ट्रक्शंस’ पर लगा था। इन मामलों से भाजपा या महायुति का कोई संबंध नहीं है। भोईर का आरोप है कि इन निजी विवादों पर सफाई देने के लिए जब विधायक मेहता प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करते हैं, तो वे बैकग्राउंड में पीएम नरेंद्र मोदी और अन्य भाजपा नेताओं की तस्वीरों के साथ पार्टी के अधिकृत सिंबल का इस्तेमाल करते हैं। इससे जनता के बीच यह गलत संदेश जा रहा है कि पार्टी उनके इन कारनामों का समर्थन कर रही है, जिससे महायुति की छवि खराब हो रही है। भोईर ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि विधायक मेहता को तुरंत सख्त चेतावनी देकर पार्टी के नाम और चिह्न का दुरुपयोग करने से रोका जाए। इस पत्र के बाद दोनों गुटों में छिड़ी यह सियासी जंग और तेज हो गई है।
पार्टी के नाम-चिह्न पर सवाल
शिंदे गुट के जिलाप्रमुख राजू भोईर ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को पत्र भेजकर आरोप लगाया है कि नरेंद्र मेहता अपने निजी विवादों में भाजपा के नाम, चुनाव चिह्न और वरिष्ठ नेताओं की तस्वीरों का इस्तेमाल कर रहे हैं। भोईर ने इसे रोकने के लिए कार्रवाई की मांग की है।
