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जोया की ‘पिक्चर’ गायब!..लापता है ६६ हार्ड डिस्क

सामना संवाददाता / मुंबई

मुंबई के बांद्रा स्थित जोया अख्तर और रीमा कागती की प्रोडक्शन कंपनी टाइगर बेबी डिजिटल एलएलपी के कार्यालय से ६६ हार्ड डिस्क गायब होने का मामला सामने आया है। इन हार्ड डिस्क में मेड इन हेवन, घोस्ट स्टोरीज सहित कई फिल्म और ओटीटी प्रोजेक्ट्स से जुड़ा संवेदनशील डेटा होने की बात कही जा रही है।
रिपोर्ट के अनुसार, इनमें कच्चा शूटिंग फुटेज, एडिटेड सीन, पोस्ट-प्रोडक्शन फाइलें, विज्ञापन प्रोजेक्ट्स, बैकअप और आर्काइव सामग्री शामिल थी। हार्ड डिस्क की क्षमता १६ टीबी से ७२ टीबी तक बताई गई है।
मामले में कार्यालय के एक कर्मचारी को गिरफ्तार किया गया है। जांच में आरोप है कि कर्मचारी ने पिछले करीब पांच महीनों में २४ हार्ड डिस्क चोरी करने की बात स्वीकार की है। रिपोर्ट के मुताबिक, इन डिस्क को कथित रूप से १५ हजार से २० हजार रुपये प्रति डिस्क के हिसाब से एक व्यक्ति को बेचा गया।
ग्रे मार्केट तक पहुंचने की आशंका
पुलिस को संदेह है कि कुछ हार्ड डिस्क बाद में ग्रे मार्केट तक पहुंच गई होंगी। मामले को इसलिए गंभीर माना जा रहा है क्योंकि यह केवल चोरी नहीं, बल्कि बौद्धिक संपदा और डिजिटल सुरक्षा से जुड़ा बड़ा खतरा है।
ओटीटी रिलीज रणनीति पर भी पड़ सकता है असर
जोया अख्तर और रीमा कागती की प्रोडक्शन कंपनी टाइगर बेबी डिजिटल एलएलपी के कार्यालय से ६६ हार्ड डिस्क गायब होने के मामले में आशंका जताई जा रही है कि अगर अधूरी फिल्में, वेब सीरीज, विज्ञापन सामग्री या अप्रकाशित फुटेज लीक होते हैं, तो प्रोडक्शन हाउस को आर्थिक नुकसान के साथ-साथ रचनात्मक नियंत्रण और ओटीटी रिलीज रणनीति पर भी असर पड़ सकता है। रिपोर्ट में भी पुलिस जांच और संभावित बड़े नेटवर्क की आशंका का उल्लेख किया गया है।
बॉलीवुड हंगामा ने जोया अख्तर के हवाले से यह भी बताया कि कार्यालय में चोरी की पुष्टि हुई है, हालांकि राहत की बात यह है कि कंपनी के पास कथित रूप से सभी फाइलों का बैकअप मौजूद है। फिर भी यह घटना फिल्म और ओटीटी उद्योग के लिए चेतावनी है कि प्रोडक्शन डेटा की सुरक्षा अब सिर्फ तकनीकी मामला नहीं, बल्कि आर्थिक, कानूनी और रचनात्मक अधिकारों की रक्षा का सवाल बन चुकी है।

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