मुख्यपृष्ठनए समाचारमनपा चुनाव के मुहाने पर गद्दारों का होगा सफाया... शिवसेना पक्ष, धनुष...

मनपा चुनाव के मुहाने पर गद्दारों का होगा सफाया… शिवसेना पक्ष, धनुष बाण चिह्न पर आज ‘सर्वोच्च’ सुनवाई!

-चुनाव आयोग की अधिकार सीमा के बारे में होंगी अंतिम दलीलें

सामना संवाददाता / नई दिल्ली

महाराष्ट्र में मनपा और अन्य स्थानीय निकायों के चुनावों की जोरदार तैयारी शुरू हो गई है। ये चुनाव महज कुछ महीने दूर रह गए हैं। ऐसे में सर्वोच्च न्यायालय बुधवार को शिवसेना पक्ष और धनुषबाण चिह्न की महत्वपूर्ण सुनवाई करेगा। न्यायमूर्ति सूर्यकांत की खंडपीठ के सामने १६वें क्रमांक पर यह मामला सूचीबद्ध किया गया है। इस दौरान चुनाव आयोग की अधिकार सीमा के बारे में अंतिम दलीलें होंगी। इससे चुनावों के सामने गद्दारों का सफाया होने की संभावना है। शिवसेना के साथ गद्दारी करनेवाले घाती गुट को पक्ष और धनुष बाण चिह्न देने के चुनाव आयोग के फैसले को शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे ने चुनौती दी है।
आज अंतिम दलीलें सुनेगा सुप्रीम कोर्ट!
आज सर्वोच्च न्यायालय शिवसेना पक्ष और धनुष बाण चिह्न की महत्वपूर्ण सुनवाई करेगा। जुलाई में सर्वोच्च न्यायालय ने इसे गंभीरता से लिया और अंतिम सुनवाई करने की इच्छा जताई। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह मामला अब निपटाना है। इसके तहत आज न्यायमूर्ति सूर्यकांत की खंडपीठ के सामने सुनवाई होगी। आगामी चुनावों में घाती गुट द्वारा ‘धनुष बाण’ चिह्न के इस्तेमाल पर रोक लगाने की अपील के साथ-साथ चुनाव आयोग के पैâसले के विरोध में न्यायालय अंतिम दलीलें सुनेगा। न्यायालय की कार्यसूची पर १६वें क्रमांक पर मामला सूचीबद्ध है। इसलिए विस्तृत सुनवाई होने की संभावना है। इस सुनवाई में महाराष्ट्र की सत्ता की लड़ाई का भविष्य तय होना है। इसलिए राजनीतिक हलकों के साथ-साथ असंख्य शिवसैनिक और राज्य की जनता का ध्यान सर्वोच्च न्यायालय पर टिका है। साथ ही चुराई हुई पार्टी और चुनाव चिह्न खोने की आशंका ने घाती गुट की चिंता काफी बढ़ा दी है।
ज्यादा समय नहीं लगेगा
सर्वोच्च न्यायालय ने जुलाई में शिवसेना संबंधी अंतिम सुनवाई करने की इच्छा जताई थी। बुधवार को यह मामला १६वें क्रमांक पर सुनवाई के लिए निर्धारित किया गया है। इसलिए दोपहर १२ बजे तक सुनवाई होने की उम्मीद है। हमने इससे पहले ही न्यायालय में लिखित दलीलें पेश कर दी हैं। इसलिए अंतिम दलीलों को पूरा होने में ज्यादा समय नहीं लगेगा।
-एड. असीम सरोदे (शिवसेना के वकील)

अन्य समाचार