सामना संवाददाता / नई दिल्ली
लोकतंत्र और चुनावी प्रक्रिया को लेकर सियासत एक बार फिर गरमा गई है। मुंबई में स्याही विवाद को लेकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव आयोग पर सीधा हमला बोला है। राहुल गांधी ने आरोप लगाते हुए कहा कि ‘वोट चोरी करना देश विरोधी है’ और चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े किए। उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है और चुनावी व्यवस्था को लेकर नई बहस छिड़ गई है।
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने चुनाव आयोग पर बीएमसी इलेक्शन में कथित गड़बड़ी को लेकर निशाना साधा है। राहुल गांधी ने सोशल मीडिया `एक्स’ पर आर्टिकल को शेयर करते हुए लिखा कि वोट चोरी, राष्ट्र विरोधी काम है। राहुल गांधी ने उन खबरों को लेकर चुनाव आयोग पर निशाना साधा है, जिसमें मतदान के दौरान लगाई जाने वाली स्याही के निशान तुरंत हट जा रहे थे, जिससे बोगस वोटिंग की संभावना बन जाती है। विपक्षी दलों के नेताओं ने आरोप लगाया कि मतदाता की उंगली पर लगा निशान आसानी से मिटाया जा सकता है, जिससे फर्जी मतदान की संभावना है। बीएमसी सहित २९ स्थानीय निकायों के लिए मतदान के बीच, सोशल मीडिया पर ऐसे वीडियो की बाढ़ आ गई, जिनमें यह दावा किया गया था कि एसीटोन जैसे रसायनों का उपयोग कर स्याही को वैâसे मिटाया जा सकता है। राहुल गांधी ने इसी स्याही कांड को लेकर चुनाव आयोग पर हमला बोला और कहा, `इलेक्शन कमीशन का नागरिकों को गुमराह करना ही हमारे लोकतंत्र में भरोसे के खत्म होने की वजह है। वोट चोरी एक राष्ट्र-विरोधी काम है।’
`जनता को गुमराह कर रहा है ईसी’
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को स्याही विवाद के बीच चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग `नागरिकों को गुमराह कर रहा है। साथ ही, महाराष्ट्र के निकाय चुनावों के नतीजों में बीजेपी की मजबूत बढ़त के बीच राहुल गांधी ने एक बार फिर ‘वोट चोरी’ का आरोप दोहराया।
