अनिल मिश्र / पटना
बिहार प्रदेश सहित मध्यप्रदेश एवं गुजरात में हुए विधानसभा उपचुनाव में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्वाचन क्षेत्र भाजपा शासित बिहार के बांकीपूर विधानसभा क्षेत्र तथा मध्यप्रदेश के दतिया विधानसभा क्षेत्र में भाजपा उम्मीदवारों को बुरी तरह हारना आमजनों के बदलाव की ज्वालामुखी जिसके आगे धन, बल, सत्ता, धर्म, कोई भी चीज़ आड़े नहीं आया। यह उपर्युक्त बातें बिहार प्रदेश कॉंग्रेस कमिटी के प्रदेश प्रतिनिधि प्रोफेसर विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कॉंग्रेस उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह, दामोदर गोस्वामी, राम प्रमोद सिंह, टिंकू गिरी, सुनील कुमार पासवान, मुन्ना मांझी आदि ने कहा कि देश के विधानसभा उपचुनाव परिणाम पर मुख्य रूप से लोकतंत्र, शिक्षा, आस्था जैसे जमीनी जज्बातों से खिलवाड़ करने यानी वोट चोरी, पेपर चोरी, चंदा चोरी जैसे कुकृत्य 12 वर्षों की मोदी सरकार में होते, ऐसा ज्वालामुखी फूटी जिसके खिलाफ देश के छात्र, युवा, किसान, मजदूर, आमजनों का विशाल आंदोलन का परिणाम है। वहीं पेपर लीक का आंदोलन जिस प्रकार दिल्ली के जंतर-मंतर से बिहार के राजनीतिक के सबसे उर्वरा भूमि से ऐसा ज्वाला फूटा की केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को इस्तीफा देना पड़ा, तथा आज तक संसद से सड़क तक लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष छात्रों के आवाज राहुल गांधी अब देश के गृहमंत्री के भी इस्तीफे की मांग कर रहे हैं, जिसके समर्थन में देश भर में उबाल है, क्योंकि वर्षो बाद भाजपा ने इस्तीफा देने का परम्परा शुरू किया है ।इस बीच इन सभी नेताओं ने कहा कि देश के गृह मंत्री के रूप में अमित शाह के रहते हुए कितने बार देश के किसानों, मजदूरों, छात्रों, युवाओं, कर्मचारियों पर पुलिस की बर्बरतापूर्ण कार्रवाई की गई है।
