अनिल मिश्र / पटना
पूरे देश में सबसे ज्यादा भूमि विवाद अगर है तो इसका सबसे बड़ा केंद्र बिहार प्रदेश माना जाता है। बिहार की जेलों में बंद अगर सबसे ज्यादा कैदी हैं तो वो हैं भूमि विवाद के कारण। बिहार के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) और प्रदेश सरकार के आंकड़ों के अनुसार, बिहार प्रदेश में होने वाले कुल अपराधों में से करीब 60% से 90% मामलों की जड़ में भूमि विवाद या जमीन संबंधी समस्याएं होती हैं। वहीं बिहार विधानसभा में दी गई जानकारी के अनुसार, फिलहाल राज्य में लगभग 46 लाख जमीन से जुड़े विवाद विभिन्न स्तरों पर लंबित हैं। इस भूमि विवाद को निपटाने के लिए आज मंगलवार को बिहार के धार्मिक, अध्यात्मिक, पौराणिक एवं ऐतिहासिक नगरी गयाजी में भ्रष्टाचार के खिलाफ निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो विशेष सर्वे अमीन को सात हजार रुपये रिश्वत लेते रंगेहाथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अभिषेक कुमार एवं दीपु कुमार उर्फ दीपक कुमार के रूप में हुई है। इन दोनों पर जमीन की ऑनलाइन मापी की रिपोर्ट देने के एवज में स्थानीय निवासी रोहित कुमार से रिश्वत मांगने का आरोप है। विजिलेंस टीम ने आज मंगलवार को योजनाबद्ध तरीके से शहर के सबसे चर्चित जगह एपीआर मॉल के पास जाल बिछाकर दोनों को दबोच लिया। प्राप्त जानकारी के मुताबिक रिश्वत लेते दो अमीन को गिरफ्तार किया गया है।ऑनलाइन आवेदन के बावजूद जमीन की मापी के एवज में दोनों अमीन के द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी। इसे लेकर पीड़ित के द्वारा राजधानी पटना में निगरानी विभाग में शिकायत की गई थी। इस शिकायत के बाद इसका सत्यापन किया गया और फिर दोनों अमीन को रिश्वत की सात हजार रुपए की राशि के साथ निगरानी की टीम ने रंगे हाथ दबोच लिया। इस संबंध में बताया जाता है कि रोहित कुमार सिंह द्वारा जमीन की मापी करवाने को लेकर दो अमीन द्वारा रिश्वत मांगे जाने के संबंध में शिकायत दर्ज कराई थी। इस शिकायत के आलोक में यह कार्रवाई हुई।इस बीच इन दोनों को सात हजार रुपए की रिश्वत की राशि के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया है। वहीं इसके बाद निगरानी की टीम अग्रतर कार्रवाई में जुटी हुई है। इस संबंध में निगरानी डीएसपी ने बताया कि रोहित कुमार ने अपनी जमीन की ऑनलाइन मैपिंग एवं मापी के लिए नियमानुसार आवेदन किया था। आरोप है कि जब इस संबंध में रिपोर्ट तैयार करने और आगे की प्रक्रिया पूरी करने की बारी आई तो प्रखंड के हल्का अमीन ने इसके एवज में अवैध राशि की मांग शुरू कर दी। पीड़ित से सात हजार रुपये रिश्वत मांगी जा रही थी। इससे परेशान होकर रोहित कुमार ने निगरानी विभाग में शिकायत दर्ज कराई। इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए एंटी करप्शन टीम के अधिकारी वसीम फिरोज डीएसपी ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है। गिरफ्तारी के बाद दोनों से पूछताछ और आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। फिलहाल, निगरानी ने दोनों को राजधानी पटना ले जा रही हैं। वहां पूछताछ के बाद आगे की कार्रवाई किए जाएंगे।
