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बंगाल जीता ‘बंगाली हारे’!..मोदी से बंगाली स्वर्णकार नाराज…देशभर में ९० फीसदी कारीगर बंगाल के…कारोबार पर संकट पड़ा तो लौटना पड़ेगा बंगाल

फिरोज खान / मुंबई

पश्चिम बंगाल में हुए विधान सभा चुनाव में भाजपा की जीत के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बंगाल के स्वर्ण कारीगरों को बड़ा झटका दिया है। एक साल तक देशवासियों से सोना नहीं खरीदने की अपील करके उन्होंने यह झटका दिया है। इसके चलते गोल्ड कारोबार में काम करने वाले कारीगरों पर बेरोजगारी का बड़ा संकट पैदा हो गया है। मुंबई में बड़ी संख्या में बंगाली स्वर्ण कारीगर काम करते हैं। ऐसे में कहा जा सकता है कि मोदी ने भले ही बंगाल जीत लिया है पर उनकी इस नीति से ‘बंगाली हार’ गए हैं।
बता दें कि मुंबई सहित पूरे देशभर में जेवरात बनाने के कारखानों में ९० प्रतिशत कारीगर पश्चिम बंगाल के हैं। अब इनमें से काफी कारीगर बेकार हो जाएंगे और उन्हें झोला उठाकर अपने गांव यानी पश्चिम बंगाल लौटना पड़ेगा। झवेरी बाजार के कारीगर शफिकुल का कहना है कि मोदी के संदेश के बाद सभी कारीगरों पर संकट के बादल मंडराने लगे हैं। बाजार सूत्रों के अनुसार, मुंबई में खरीद और मेकिंग को मिलाकर रोजाना करीब एक टन सोने का कारोबार होता है।
निवेशकों पर पड़ेगा असर
गोल्ड मार्केट के एक्सपर्ट जय बपेन ने बताया कि मोदी की अपील का असर निवेशकों पर भी पड़ेगा। अब कोई गोल्ड में इनवेस्टमेंट नहीं करेगा, क्योंकि उन्हें डर है कि सोने की खरीददारी कम होगी तो उसका रेट गिरेगा। उनके मुताबिक, गोल्ड इनवेस्टमेंट में तकरीबन २० प्रतिशत की कमी आ सकती है।
गोल्ड मार्केट में हलचल
चॉइस इक्विटी बुकिंग प्रा. लि. के बिजनेस डेवलपमेंट पार्टनर बिपिन देवानी ने बताया कि मोदी द्वारा एक साल तक गोल्ड न खरीदने की अपील से गोल्ड मार्केट में हलचल मची हुई है। उन्होंने बताया कि मोदी की अपील से ज्वेलर्स मार्केट पर ५० प्रतिशत से भी ज्यादा फर्क पड़ सकता है। देवानी के मुताबिक, ज्वेलर्स का धंधा मंदा होने के बाद कारखानों का काम ठंडा पड़ जाएगा, जिसका सीधा असर बंगाली मजदूरों पर पड़ेगा।
नोटबंदी की तरह ये ‘गोल्डबंदी’ है!
पीएम मोदी के स्वर्ण न खरीदने की अपील से स्वर्णकार सकते में हैं। उनका कहना है कि यह एक तरह से नोटबंदी की तरह ‘गोल्डबंदी’ जैसा है। मीरा रोड के ज्वेलर्स अशोक भाई का कहना है कि जिस तरह मोदी ने अचानक से नोटबंदी की घोषणा की थी, मानो वैसे ही गोल्डबंदी की गई है। इस तरह की अपील से गोल्ड कारोबार से जुड़े लाखों लोगों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ सकता है। बता दें कि रविवार को हैदराबाद से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की अवाम से अपील की कि एक साल तक सोना नहीं खरीदें, तभी से गोल्ड मार्केट से जुड़े ज्वलर्स, कारीगरों में भारी नाराजगी नजर आने लगी है। इस मामले में गोल्ड मार्केट के एक्सपर्ट जय बपेन ने बताया कि मुंबई में एक हजार से ज्यादा ज्वेलर्स हैं, जिनका व्यापार प्रभावित होगा।

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