एनएसई, मुंबई में 670 करोड़ रुपये तक का सफल इश्यू
मुंबई। भारत की नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र की प्रमुख कंपनी केपीआई ग्रीन एनर्जी लिमिटेड (BSE: 542323, NSE: KPIGREEN) ने सतत वित्तपोषण के क्षेत्र में नया इतिहास रच दिया है। कंपनी ने नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई), मुंबई में 670 करोड़ रुपये तक का भारत का पहला बाहरी क्रेडिट-संवर्धित ग्रीन बॉन्ड सफलतापूर्वक जारी किया। यह पहल देश में ग्रीन एनर्जी परियोजनाओं के लिए वित्त जुटाने का एक अभिनव कदम साबित हुई है।
इस बॉन्ड को प्राइवेट इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट ग्रुप (PIDG) की इकाई गारंटको से 65% गारंटी प्राप्त हुई है, जिससे निवेशकों का विश्वास और मजबूत हुआ। पांच साल की अवधि वाले इस बॉन्ड पर 8.50% वार्षिक ब्याज दर तय की गई है, जिसका भुगतान हर तिमाही होगा। क्रिसिल और आईसीआरए ने इसे AA+(CE) रेटिंग दी है, जो बॉन्ड की मजबूती और सुरक्षित निवेश विकल्प होने का संकेत है।
कंपनी के अनुसार, इस ग्रीन बॉन्ड से जुटाई गई पूंजी का उपयोग गुजरात में सौर, पवन और हाइब्रिड ऊर्जा परियोजनाओं के विस्तार के लिए किया जाएगा। इन परियोजनाओं से हर साल लगभग 2.10 लाख लोगों और कई व्यवसायों को स्वच्छ ऊर्जा उपलब्ध होगी, साथ ही 3.44 लाख टन CO₂ उत्सर्जन में कमी आएगी। यह कदम न केवल पर्यावरण संरक्षण में योगदान देगा बल्कि देश के नवीकरणीय ऊर्जा ढांचे को भी मजबूत बनाएगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बॉन्ड भारत में संस्थागत पूंजी जुटाने के नए रास्ते खोलेगा। इस इश्यू के माध्यम से लगभग 175 मिलियन अमेरिकी डॉलर की घरेलू संस्थागत पूंजी जुटाई गई है। इसमें इंफ्रास्ट्रक्चर डेट फंड, म्यूचुअल फंड और बीमा कंपनियों जैसे बड़े निवेशकों ने रुचि दिखाई है।
केपीआई ग्रीन एनर्जी के चेयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर डॉ. फारुख जी. पटेल ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर कहा, “यह हमारे लिए गर्व का क्षण है कि हमने 670 करोड़ रुपये तक का अपना पहला ग्रीन बॉन्ड सफलतापूर्वक जारी किया है। यह न केवल कंपनी के लिए बल्कि भारत के नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र के लिए भी एक मील का पत्थर है। गारंटको से मिली 65% गारंटी और AA+ रेटिंग हमारे निवेशकों के विश्वास को दर्शाती है।”
