सामना संवाददाता / मुंबई
चुनावी मौसम आते ही नाम बदलने की राजनीति एक बार फिर पटरी पर दौड़ पड़ी है। इसी कड़ी में मध्य रेलवे ने स्थानीय जनता की मांग पर नवी मुंबई के सीवुड्स-दारावे स्टेशन का नाम बदलकर अब सीवुड्स-दारावे-करावे कर दिया है। यानी अब एक ही स्टेशन, तीन इलाकों के नाम के साथ यात्रियों के सामने ‘कॉम्बो पैक’ के रूप में पेश किया गया है।
रेलवे ने आदेश जारी होते ही साफ कर दिया है कि स्टेशन से जुड़े सभी बोर्ड, रिकॉर्ड, इलेक्ट्रॉनिक डिस्प्ले, घोषणाएं और यात्री सूचना प्रणाली अब नए नाम के अनुसार बदली जाएंगी। स्टेशन का नया कोड भी एसडब्ल्यूडीवी तय कर दिया गया है।
सरकार की अधिसूचना और भारत के महासर्वेक्षक के पत्र के अनुसार, स्टेशन का नया नाम तीनों लिपियों में अब सीवुड्स-दारावे-करावे के रूप में ही लिखा और पढ़ा जाएगा।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि नाम परिवर्तन की पूरी प्रक्रिया नियमानुसार की जा रही है। स्टेशन पहले ही सीवुड्स ग्रैंड सेंट्रल मॉल से सीधा जुड़ा हुआ है, लेकिन अब इसमें ‘करावे’ गांव का नाम भी जोड़कर स्थानीय पहचान को और विस्तार दिया गया है। सरकार का तर्क है कि करावे गांव को अब तक उसकी सही पहचान नहीं मिल पाई थी, जिसे इस बदलाव के जरिए सम्मान दिया जा रहा है।
केंद्रीय गृह मंत्रालय से लेकर रेलवे के उच्च स्तर तक सभी जरूरी मंजूरियां मिल चुकी हैं। अब टिकट, प्लेटफॉर्म साइनेज, ट्रेनों की घोषणाएं और डिजिटल डिस्प्ले—हर जगह नया नाम चमकता नजर आएगा। हालांकि आम यात्रियों में इस पैâसले को लेकर हल्की-फुल्की उलझन भी दिखाई दे रही है। कोई मजाक में कह रहा है कि ‘स्टेशन का नाम तो लंबा हो गया, कहीं रूट भी न बदल जाए’।
