-संघ ने लिया स्वतंत्र पैनल बनाने का निर्णय
-पालकमंत्री विखे पाटील की उड़ी नींद
सामना संवाददाता / मुंबई
राज्य के जल संसाधन मंत्री और अहिल्यानगर जिले के पालकमंत्री राधाकृष्ण विखे-पाटील के शिर्डी निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा द्वारा स्वतंत्र गुट बनाकर चुनाव लड़ने के पैâसले ने जिले में हलचल मचा दी है। शिर्डी नगर परिषद चुनाव में महायुति बनाम महाविकास आघाड़ी के बीच मुकाबला होने के संकेत मिल रहे हैं, वहीं भाजपा के भीतर आंतरिक बगावत अर्थात भाजपा बनाम भाजपा की हवा बहने लगी है।
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के वरिष्ठ कार्यकर्ता और १९८० में शिर्डी में आरएसएस की पहली शाखा स्थापित करने वाले बाबूजी पुरोहित ने भाजपा के आधिकारिक पैनल के खिलाफ एक स्वतंत्र पैनल बनाने का पैâसला किया है। जल संसाधन मंत्री राधाकृष्ण विखे-पाटील के पैनल के खिलाफ खड़े पुरोहित की सीधी चुनौती ने भाजपा में बेचैनी बढ़ा दी है। ऐसा देखा जा रहा है कि संघ और भाजपा के पुराने, वफादार कार्यकर्ता बड़ी संख्या में पुरोहित के साथ एकजुट हो रहे हैं। पुरोहित के पुत्र और संघ प्रचारक विराट पुरोहित इसमें सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। बताया जाता है कि भाजपा में ‘आयाराम’ को मिलते महत्व और पुराने कार्यकर्ताओं की उपेक्षा से तंग होकर पुराने भाजपाइयों ने यह बगावत का बिगुल बजाया है, जिसकी अगुवाई खुद आरएसएस कर रही है। बता दें कि पुरोहित पिता-पुत्र द्वारा फूंके गए चुनावी शंखनाद ने पुराने कार्यकर्ताओं में एक नया जोश भर दिया है।
