सामना संवाददाता / मुंबई
महाराष्ट्र विधानसभा में देश की प्रतिष्ठित सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्था हाफकिन के संभावित निजीकरण का मुद्दा जोरदार तरीके से उठा। कांग्रेस विधायक दल के नेता विजय वडेट्टीवार ने सरकार पर निशाना साधते हुए मांग की कि सदन में स्पष्ट घोषणा की जाए कि हाफकिन का किसी भी परिस्थिति में निजीकरण नहीं किया जाएगा। जिसके बाद राज्य के मंत्री नरहरि झिरवाल ने स्पष्ट किया कि हाफकिन संस्था को मजबूत बनाने के लिए तत्काल १५० करोड़ रुपए की विशेष निधि उपलब्ध कराई जाएगी। सदन में वडेट्टीवार ने कहा कि हाफकिन के निजीकरण की चर्चा पहले भी सामने आ चुकी है। शुरुआत में सरकार ने दावा किया था कि संस्था की एक इंच जमीन भी किसी को नहीं दी गई है।
