सामना संवाददाता / नई दिल्ली
बिहार विधानसभा चुनाव के बाद सत्ता का खेल और तेज होता जा रहा है। सीएम पद को लेकर जुबानी दावे भले ही जेडीयू कर रही हो, लेकिन असली ताकत भाजपा के हाथ में जाती दिख रही है। जेडीयू ने साफ कहा कि नीतीश ही मुख्यमंत्री बनेंगे, लेकिन बीजेपी अभी भी सीधे नाम लेने को तैयार नहीं है। यह सस्पेंस इस समय बिहार की राजनीति का सबसे बड़ा ड्रामा बन चुका है।
नतीजों के बाद नीतीश कुमार के घर राजनीतिक हलचलों का जमावड़ा दिखा। केंद्रीय मंत्री ललन सिंह, संजय झा, विजय चौधरी और श्याम रजक ने मुलाकात कर दो टूक कहा कि बिहार में नीतीश कुमार ही फिर से मुख्यमंत्री बनेंगे। वहीं दूसरी ओर भाजपा प्रदेशाध्यक्ष दिलीप जायसवाल का बयान राजनीति में भूचाल ला देने वाला साबित हो रहा है। उन्होंने कहा कि पहले धन्यवाद कार्यक्रम होगा, फिर विधायक अपने नेता का चुनाव करेंगे। अंतिम पैâसला एनडीए विधायक दल करेगा।
