पंजाब के श्री मुक्तसर साहिब जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। यहां मिड्ढा गांव में एक पिता ने अपनी ही १८ वर्षीय बेटी की बेरहमी से हत्या कर दी। आरोपी पिता ने कस्सी (हंसिया) से हमला कर बेटी को काट डाला और वारदात को अंजाम देने के बाद मौके से फरार हो गया।
मृतका की पहचान चमनप्रीत कौर के रूप में हुई है, जो बी.कॉम की पढ़ाई कर रही थी। वहीं आरोपी पिता की पहचान हरपाल सिंह के तौर पर हुई है, जो पेशे से किसान बताया जा रहा है। सूचना मिलते ही कबरवाला पुलिस स्टेशन की टीम मौके पर पहुंची, शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा और आरोपी के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी। पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपी पिता मानसिक रूप से विक्षिप्त बताया जा रहा है। बताया जा रहा है कि चमनप्रीत कौर मोहाली में रहकर बी.कॉम की पढ़ाई कर रही थी और वहां एक पीजी में रहती थी। हरपाल सिंह रूढ़िवादी सोच का था और उसे डर था कि बाहर रहकर पढ़ाई करने से उसकी बेटी भटक सकती है। इसी बात को लेकर परिवार में अक्सर विवाद होता रहता था। परिजनों और ग्रामीणों के अनुसार, चमनप्रीत कौर की मां चाहती थी कि बेटी उच्च शिक्षा प्राप्त करे और अपने सपनों को पूरा करे। दूसरी ओर, पिता पढ़ाई को लेकर सख्त विरोध करता था।
बेटी बनना चाहती थी आत्मनिर्भर
ग्रामीणों ने बताया कि चमनप्रीत कौर बेहद होशियार और मेहनती और छात्रा थी। पढ़ाई के साथ-साथ उसे खेलों में भी गहरी रुचि थी। वह भारोत्तोलन (वेट लिफ्टिंग) में सक्रिय थी और इस खेल में स्वर्ण पदक भी जीत चुकी थी। ़
