सामना संवाददाता / मुंबई
महानगरपालिका चुनाव की पृष्ठभूमि में ऐतिहासिक शिवतीर्थ पर हुई ‘शिवशक्ति’ की सभा में मुंबई के उपनगरों से लाखों शिवसैनिक और मनसैनिक उपस्थित हुए। शहर और उपनगरों की अधिकांश सड़कों पर जगह-जगह खुदाई का काम चल रहा है। इसलिए यातायात जाम में फंसने से बचने के लिए काफी शिवसैनिकों और मनसैनिकों ने लोकल और मेट्रो से यात्रा को प्राथमिकता दी। लोकल और मेट्रो स्टेशनों पर उन्होंने शिवसेना और मनसे का जयघोष करके पूरा परिसर गुंजायमान कर दिया। भीड़ के बीच शिवसेना और मनसे के झंडे लहराते दिखाई दिए। इसी के साथ ही जो मुंबईकर सभा में प्रत्यक्ष रूप से शामिल नहीं हो सके, उन्होंने भी सभा की दिशा में जाते शिवसैनिकों और मनसैनिकों के साथ सुर में सुर मिलाते हुए उनकी आवाज को बुलंद किया।
शिवसेनापक्षप्रमुख उद्धव ठाकरे और मनसे अध्यक्ष राज ठाकरे की ‘तोप’ गरजने वाली थी इसलिए बच्चे, युवा और बुजुर्ग सभी दादर की ओर कूच कर रहे थे। महाराष्ट्र और मुंबई के अस्तित्व की रक्षा के भाव से दोनों नेताओं द्वारा दिया जाने वाला संदेश सुनने के लिए हर कोई जल्दी में दिखाई दे रहा था। इसी कारण सड़क यात्रा में देरी न हो, इसकी सावधानी शिवसैनिकों और मनसैनिकों ने रखी। उसी अनुसार नियोजन कर अधिकांश शिवसैनिक और मनसे कार्यकर्ता लोकल ट्रेन और भूमिगत मेट्रो से दादर पहुंचे। मध्य और पश्चिम रेलवे मार्ग के दोनों दादर स्टेशनों पर दोपहर से शाम तक जय-जयकार होता रहा।
‘मुंबई हमारे हक की, नहीं किसी के बाप की’ और ‘ठाकरे ब्रांड अंगार है, बाकी सब भंगार है’ जैसे नारे लगाते हुए हजारों शिवसैनिक और मनसैनिक दादर रेलवे स्टेशन से शिवतीर्थ की ओर रवाना हो रहे थे। दादर मेट्रो स्टेशन पर भी भारी भीड़ देखी गई। रविवार को लोकल ट्रेन का मेगाब्लॉक रहता है। इसलिए सभा में पहुंचने में देर न हो, इस उद्देश्य से हम शिवसैनिक भूमिगत मेट्रो से आए, ऐसा प्रशांत माने ने बताया।
