मुख्यपृष्ठधर्म विशेषभगवान गणेश की स्तुति

भगवान गणेश की स्तुति

शीतल अवस्थी

वन्दौं श्रीगणपति पद, विघ्नविनाशन हार। पवित्रता की शक्ति जो, सब जग मूलाधार।।
हे परम ज्ञान दाता, सकल विश्व आधार। क्षमा करें वर दें, विघ्नों से करें उबार।।
है जग वंदन, हे जगनायक! हे गौरीनंदन! हे वरदायक।।
हे विघ्नविनाशन! हे गणनायक! हे भवभय मोचन! हे जन सुखदायक!।।
दया करो हे प्रभु! दे सबको निर्मल ज्ञान। हे सहज संत! दें हम को यह वरदान।।
मंगलमय हो गीत हमारे करें जनकल्याण। मातृप्रेम में निरत रहें पावें पद निर्वाण।।

अन्य समाचार