– विपक्ष ने एक सुर में उठाए गंभीर सवाल
– कांग्रेस बोली, आज नहीं जागे तो हालात और भी भयानक होंगे
सामना संवाददाता / नई दिल्ली
पश्चिम बंगाल में एक सरकारी बिल्डिंग में ४,००० ईवीएम मशीनों में आग लगने की घटना ने देश की राजनीति में नया भूचाल ला दिया है। विपक्षी दलों ने इस मामले को लेकर गंभीर सवाल उठाते हुए दावा किया है कि मशीनें केवल जली नहीं, बल्कि उन्हें जानबूझकर जलाया गया हो सकता है। कांग्रेस समेत कई दलों ने घटना की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा है कि यह मामला लोकतांत्रिक व्यवस्था और चुनावी पारदर्शिता से जुड़ा है। विपक्ष का आरोप है कि यदि समय रहते सच्चाई सामने नहीं लाई गई तो जनता का भरोसा चुनावी प्रक्रिया से उठ सकता है। कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी है कि आज इस मुद्दे पर देश नहीं जागा तो आने वाले दिनों में हालात और भी भयावह हो सकते हैं।
कांग्रेस ने केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोला है। कांग्रेस नेता इमरान मसूद ने आरोप लगाया कि देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है और भारत को तानाशाही की ओर धकेलने की कोशिश हो रही है। इमरान मसूद ने कहा कि यदि देशवासी आज नहीं जागे, तो भविष्य में स्थिति और भी गंभीर हो सकती है। कांग्रेस नेता ने पश्चिम बंगाल में ईवीएम नष्ट होने की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि कुछ क्षेत्रों में मतदान परिणामों को लेकर सवाल उठाए गए थे। उन्होंने दावा किया कि एक ऐसे गांव में, जहां लगभग ९७ प्रतिशत मतदाता मुस्लिम समुदाय से हैं, भाजपा को ९० प्रतिशत वोट मिलने पर सवाल खड़े हुए थे। इसी संदर्भ में उन्होंने ईवीएम से जुड़े पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। बता दें कि शुक्रवार को एक सरकारी बिल्डिंग में भीषण आग लगने से करीब ४ हजार ईवीएम मशीनें जलकर खाक हो गई थीं।
‘चुनाव में अब बेईमानी हो रही है’
समाजवादी पार्टी सेल की `एक्स’ अकाउंट पर एक पोस्ट की गई है, जिसमें लिखा गया है कि भारत में चुनाव संपन्न नहीं बल्कि लूटे जा रहे हैं, चुनाव अब निष्पक्ष नहीं होते बल्कि बेईमानी हो रही है। भाजपा जनता के वोटों से जीत नहीं रही बल्कि चुनाव आयोग द्वारा बेईमानी करके जबरन जितवाई जा रही है।
