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मामले को छिपाने की कोशिश!.. प्रोपेलर की चपेट में आई ट्रेनी पायलट… डीजीसीए ने दिए जांच के आदेश

सामना संवाददाता / कानपुर

उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक फ्लाइंग ट्रेनिंग ऑर्गेनाइजेशन (एफटीओ) की गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां प्रशिक्षण के दौरान एक महिला ट्रेनी पायलट (कैडेट) चलते विमान के प्रोपेलर की चपेट में आ गई, जिससे उसकी पीठ पर गंभीर चोटें आर्इं। मामले की जानकारी सामने आने के बाद नागरिक उड्डयन महानिदेशालय ने जांच के आदेश दिए हैं।
रात में हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, यह हादसा शुक्रवार की देर रात कानपुर के चकेरी एयरपोर्ट पर हुआ। यहां गर्ग एविएशन के ट्विन-इंजन टेक्नाम P2006T (पंजीकरण संख्या VT-NBV) ) विमान से नाइट इंस्ट्रक्शनल फ्लाइंग कराई जा रही थी। विमान में एक फ्लाइट इंस्ट्रक्टर और एक महिला कैडेट सवार थीं।
प्रोपेलर से टकराकर घायल हुई ट्रेनी पायलट
कानपुर में फ्लाइंग ट्रेनिंग ऑर्गेनाइजेशन (एफटीओ) की गंभीर लापरवाही के बारे में बताया जा रहा है कि लैंडिंग के बाद इंस्ट्रक्टर ने विमान का इंजन बंद किए बिना ही वैâडेट को नीचे उतरने के लिए कहा। इसी दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी होने से यह हादसा हो गया। इंजन चालू होने के कारण विमान का प्रोपेलर तेज गति से घूम रहा था। जैसे ही महिला कैडेट विमान से उतरकर आगे बढ़ी, वह घूमते हुए प्रोपेलर की चपेट में आ गई। प्रोपेलर उसकी पीठ से टकरा गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। घटना के तुरंत बाद उसे कानपुर के एक अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका उपचार चल रहा है। मामले में यह भी आरोप है कि गर्ग एविएशन ने दुर्घटना की आधिकारिक सूचना नागरिक उड्डयन महानिदेशालय को समय पर नहीं दी। घटना की जानकारी मिलने के बाद डीजीसीए ने इसे गंभीरता से लेते हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। प्रारंभिक कार्रवाई के तहत संबंधित फ्लाइट इंस्ट्रक्टर को जांच पूरी होने तक ड्यूटी से हटा (ऑफ-रोस्टर) दिया गया है। इसके अलावा, हादसे में शामिल विमान को भी जांच पूरी होने तक उड़ान भरने से रोक दिया गया है।

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