अनिल मिश्र / पटना
बिहार प्रदेश के सभी सम्बध्द अनुदानित डिग्री कॉलेज के शिक्षक- शिक्षकेतर कर्मचरियों के सरकारी कॉलेज के तर्ज़ पर नियमित वेतनमान एवं पेंशन देने सहित आठ वर्षा का डिग्री-इंटर का बकाया राशि भुगतान करने, मगध एवं पाटलिपुत्र विश्वविद्यालयों के लंबित सीनेट, सिंडिकेट का चुनाव कराने, कई संबद्ध डिग्री कॉलेज के यूआर, टीआर सहित जीबी के सदस्यों की नियुक्ति की चिट्ठी जारी करने, एसी-एसटी , छात्राओं के फीस आदि मद के माफ़ किए गए राशि विमुक्त करने आदि मांगों को लेकर 14 जुलाई को मगध विश्वविद्यालय मुख्यालय पर शांतिपूर्ण धरना का आयोजन किया जाएगा। इस संबंध में मगध विश्वविद्यालय फैक्टनेब के अध्यक्ष प्रोफेसर विजय कुमार मिट्ठू, संरक्षक प्रोफेसर नवल किशोर शर्मा, जिला अध्यक्ष डॉ. अरविंद कुमार, प्राचार्य डॉ अशोक कुमार सिंह, शत्रुध्न प्रसाद, डॉ. शशि भूषण प्रसाद, डॉ. अनिल कुमार सिन्हा आदि ने कहा कि आंदोलन के पहले चरण में मगध विश्विद्यालय के धरना में विश्विद्यालय के सभी 39 संबद्ध अनुदानित डिग्री कॉलेज के शिक्षक- शिक्षकेतर कर्मचारियों को भाग लेने हेतु सूचना देने का कार्य करने तथा दूसरे चरण में अपने-अपने शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के विधान परिषदों के आवास का घेराव कर उनसे 20 से 24 तक चलने वाले विधानमंडल सत्र के दौरान वे लोग धरना देकर सरकार पर सूबे के संबद्ध अनुदानित डिग्री कॉलेज के शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों को नियमित वेतनमान पेंशन दिलाने हेतु सरकार पर दबाव बनाएं। इस बीच इन सभी प्रध्यापकों ने कहा कि राज्य सरकार 2025 विधानसभा चुनाव के पहले मुख्यसचिव बिहार के नेतृत्व में गठित कमिटी को सूबे के संबद्ध अनुदानित डिग्री कॉलेज के शिक्षक, शिक्षकेतर कर्मचारियों को नियमित वेतनमान, पेंशन हेतु रिपोर्ट मांगा था जो विगत 15 महीने से कमिटी के बैठक के अभाव में कुछ भी नहीं होने से कर्मचारियों में भयानक आक्रोश है।
